छह माह से मानदेय नहीं मिलने से अवसाद में था पारा शिक्षक
छह माह से मानदेय नहीं मिलने से अवसाद ग्रस्त पारा शिक्षक ने सोमवार को खुदकुशी का प्रयास किया है. हालांकि उसे समझा-बुझाकर ऐसा करने से रोका गया.
जामताड़ा : नारायणपुर के आहरडीह गांव में एक पारा शिक्षक सुनील हेंब्रम ने जामताड़ा विधायक इरफान अंसारी के समक्ष आत्महत्या का प्रयास किया है. विधायक ने समझा बुझा कर उसे ऐसा करने से रोका और जिले के पदाधिकारियों को इसकी जानकारी दी. पारा शिक्षक की शिकायत थी कि उसे छह माह से मानदेय नहीं मिला था. बताया जाता है कि सोमवार को विधायक आहरडीह गांव दौरे पर पहुंचे थे.
जब वे ग्रामीणों से मिल रहे थे उसी समय सामने की छत से सुनील कूदने का प्रयास कर रहा था. बार-बार जान देने की बात रहा था. विधायक ने उसे ग्रामीणों के जरिये समझा-बुझा कर किसी तरह उतरवाया. इसके बाद उसकी पूरी समस्या को सुनी. इसके बाद विधायक ने जिले के पदाधिकारियों को सूचना दी. सुनील ने बताया कि उसे छह माह से मानदेय नहीं मिला है. इस परिस्थिति में वह परिवार चलाने में भी असमर्थ हो गया है. माली हालत खराब हो गयी है. बार बार जिले के पदाधिकारियों को इससे अवगत कराया लेकिन कोई फलाफल नहीं निकला. थक हार कर उसने आत्महत्या करने की ठान ली.
विधायक पहुंचे डीएसइ के पास
सुनील की बातें सुन विधायक उसे लेकर जिला शिक्षा अधीक्षक के पास पहुंचे. उन्होंने सारी बातों से अवगत कराया. डीएसइ से कहा बार-बार सुनील फरियाद करता रहा फिर इसकी सुनवाई क्यों नहीं हुई. यदि आज वह आत्महत्या कर लेता तो इसका जिम्मेवार कौन होता. उन्होंने तल्ख अंदाज में कहा गरीब जनता का शोषण करना बंद करें.
अधिकारी हो गये बेलगाम : विधायक
विधायक ने पत्रकारों से कहा कि रघुवर सरकार में अधिकारी बेलगाम हो गये हैं. जामताड़ा विधानसभा क्षेत्र से चार पारा शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया है. निलंबन की यह प्रक्रिया सिर्फ विभाग ने वसूली के लिए किया है. उन्होंने कहा बिना कारण के जामताड़ा जिले के स्वयं सहायता समूह को मिली पीडीएस की दुकान को रद्द कर दिया गया है. जो गलत है. कहा : जिले की समस्याओं को लेकर धरना देंगे. इस अवसर पर इरशादुल हक आरसी, दीपा सोरेन, रासमुनी टुडू मौजूद थे.
