चुनाव का दिन, लेकिन वोटिंग शुरू ही नहीं हुई, उत्कल संगठन का गेट जाम कर विपक्ष का विरोध जारी

जमशेदपुर में उत्कल संगठन के चुनाव में हंगामा मच गया. विपक्षी सदस्यों ने वोटिंग से पहले ही गेट जाम कर दिया. मतदाता सूची और बायलॉज के उल्लंघन के आरोपों के कारण मतदान शुरू नहीं हो सका. संगठन में तनावपूर्ण स्थिति बनी रही.

जमशेदपुर | उत्कल संगठन में रविवार को चुनाव को लेकर उस वक्त स्थिति गरमा गयी, जब निर्धारित समय सुबह 9 बजे मतदान शुरू ही नहीं हो सका. संगठन परिसर के बाहर विपक्षी सदस्यों ने गेट जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया. इसके कारण मतदाता मतदान केंद्र तक नहीं पहुंच सके. सुबह 11:15 बजे तक एक भी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग नहीं कर पाये थे. संगठन के बाहर 70 से अधिक सदस्य शांतिपूर्ण तरीके से चुनाव का विरोध कर रहे थे.

गेट पर विरोध, अंदर नहीं पहुंच सके मतदाता

विपक्षी सदस्यों का कहना है कि उनकी मांगों और आपत्तियों को नजरअंदाज कर चुनाव कराया जा रहा है. उनका आरोप है कि वर्तमान कमेटी संगठन के बायलॉज के प्रावधानों के विपरीत चुनाव प्रक्रिया को आगे बढ़ा रही है. प्रदर्शन कर रहे विपक्ष के सदस्य अशोक कुमार सामंतों ने कहा - 28 जुलाई को उत्कल संगठन का अधिवेशन हुआ था, जिसमें ‘सारिका’ का विमोचन किया गया. उनका दावा है कि सारिका में संगठन द्वारा बनाये गये 109 नये सदस्यों का उल्लेख नहीं है. इसके बावजूद इन सदस्यों को चुनाव में मतदान का अधिकार दिया जा रहा है. इसी को लेकर विपक्ष ने मतदाता सूची पर आपत्ति जतायी है.

873 की जगह 971 मतदाताओं की सूची का आरोप

अशोक कुमार सामंतों के अनुसार, संगठन के बायलॉज के मुताबिक वर्ष 2023 तक के आजीवन सदस्यों को ही मतदान का अधिकार मिलना चाहिए. इस आधार पर करीब 873 सदस्य ही मतदान के पात्र हैं. विपक्ष का आरोप है कि इसके बावजूद वर्तमान कमेटी की ओर से 971 मतदाताओं की सूची जारी की गयी है. आरोप है कि नये सदस्यों को जोड़कर मतदाताओं की संख्या बढ़ायी गयी है.

महासचिव के कार्यकाल को लेकर भी सवाल

विपक्ष ने संगठन के पदाधिकारियों के कार्यकाल को लेकर भी सवाल खड़े किये हैं. अशोक कुमार सामंतों का कहना है कि बायलॉज के अनुसार अध्यक्ष और महासचिव लगातार दो वर्ष तक ही अपने पद पर रह सकते हैं. विपक्ष का आरोप है कि इसके बावजूद तरुण कुमार मोहंती वर्ष 2014 से 2026 तक लगातार महासचिव पद पर बने हुए हैं. विपक्षी सदस्यों ने इसे संगठन के नियमों के विपरीत बताया है.

आपत्तियां दूर होने तक चुनाव रोकने की मांग

विपक्षी सदस्यों का कहना है कि जब तक मतदाता सूची और बायलॉज के कथित उल्लंघन से जुड़ी उनकी आपत्तियों पर स्थिति स्पष्ट नहीं होती, तब तक चुनाव प्रक्रिया आगे नहीं बढ़नी चाहिए. फिलहाल चुनाव को लेकर संगठन परिसर के बाहर प्रदर्शन जारी रहा और मतदान प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी. सुबह से ही चुनाव कराने और उसका विरोध करने वाले दोनों पक्षों के बीच संगठन परिसर में तनावपूर्ण स्थिति बनी रही.


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Rima rani dey

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >