सेमीकंडक्टर, बैटरी जैसे उपयोगी सामानों के कारोबार पर फोकस करेगा टाटा समूह, जमशेदपुर आना मंदिर में दर्शन करने जैसा : चंद्रशेखरन

Tata Group (टाटा समूह) सेमीकंडक्टर, बैटरी जैसे उपयोगी उपकरणों और सामानों के कारोबार पर फोकस करेगा. उक्त बातें टाटा समूह के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने कहीं.

Tata Group (टाटा समूह) सेमीकंडक्टर, बैटरी जैसे उपयोगी उपकरणों और सामानों के कारोबार पर फोकस करेगा. उक्त बातें टाटा समूह के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने कहीं. वे रविवार को जमशेदपुर के बिष्टुपुर पोस्टल पार्क में आम लोगों को संबोधित कर रहे थे. करीब सात मिनट के अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि वे अपने आपको टाटा समूह का चेयरमैन और समूह से जुड़ने पर गौरवांवित महसूस करते है.

जमशेदपुर में मना संस्थापक दिवस.

संस्थापक दिवस हम सबके लिए भावनात्मक पल

संस्थापक दिवस का समय हम सभी के लिए भावनात्मक पल होता है, क्योंकि यह अवसर हमें हर बार उस उद्देश्य की याद दिलाता है, जिसके लिए टाटा ग्रुप स्थापित हुआ था. जमशेदपुर आना हमारे लिए मंदिर का दर्शन करने जैसा है. कहा कि वे यहां आकर हमेशा भविष्य को तो देखते ही हैं, पुराने दिनों को भी याद करते हैं, जो उन्होंने यहां बिताये हैं.

संस्थापक दिवस पर निकली रैली.

भाग्यशाली हैं, जो भारत और टाटा समूह का हिस्सा हैं : चंद्रशेखरन

चंद्रशेखरन ने कहा कि वे भाग्यशाली हैं, जो इस देश और टाटा ग्रुप का हिस्सा हैं. टाटा समूह नये बिजनेस को लेकर सभी क्षेत्र में संभावनाएं तलाश रहा है, चाहे वह बैटरी का उत्पादन हो या सेमीकंडक्टर का. अपने लोगों को नये-नये उद्योगों के लिए प्रशिक्षित भी कर रहे हैं, जिससे वे अपनी क्षमता और दक्षता को बढ़ा सकें. इसके लिए तेजी से मैनपावर को भी तैयार करने की जरूरत है.

टाटा समूह और टाटा स्टील शून्य कार्बन उत्सर्जन की दिशा में तेजी से काम कर रहा है. इसके लिए सभी कंपनियों ने तेजी से कदम बढ़ाया है. खास तौर पर टाटा स्टील चूंकि, स्टील निर्माता कंपनी है, इस कारण इस जगह पर सबसे ज्यादा इस पर फोकस करते हुए काम किया जा रहा है.

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जमशेदपुर में टाटा स्टील समूह से जुड़ी कंपनियों में निवेश होगा

एन चंद्रशेखरन ने कहा कि टाटा स्टील निरंतर आगे बढ़ने में विश्वास करती है. इसके पास सुनहरा भविष्य है. टाटा स्टील अभी भारत में 23 मिलियन टन स्टील का उत्पादन कर रही है. इसको पहले 30 मिलियन टन और करीब दस सालों में 40 मिलियन टन तक किया जायेगा. टाटा स्टील के विस्तार के साथ ही टाटा स्टील के जमशेदपुर में स्थित विभिन्न कंपनियों में निवेश किया जायेगा.

संस्थापक दिवस पर कंपनी के कर्मचारियों से मिले शीर्ष अधिकारी.

वैश्विक परिदृश्य और एआइ पर फोकस्ड रणनीति बना रहा टाटा समूह

टाटा समूह के चेयरमैन ने बताया कि वैश्विक राजनीतिक परिदृश्यों में तेजी से बदलाव हो रहा है. अमेरिका और चीन अपनी भूमिका बदल रहे हैं. भारत भी विश्व में अपनी पहचान बना रहा है. ऐसे में जरूरी है कि टाटा समूह भी समय के साथ बदलाव करे. आज के दिन टेक्नोलाजी से कोई अछूता नहीं है. डिजिटल तकनीक के साथ-साथ आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस जीवन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं. यह न केवल व्यवसाय पर गहरा असर डाल रहे हैं, बल्कि लोगों की दिनचर्या को भी प्रभावित कर रहा हैं.

शून्य कार्बन उत्सर्जन पर फोकस कर टाटा समूह कर रहा है काम

एन चंद्रशेखरन ने कहा कि टाटा समूह और टाटा स्टील शून्य कार्बन उत्सर्जन की दिशा में तेजी से काम कर रहा है. इसके लिए सभी कंपनियों ने तेजी से कदम बढ़ाया है. खास तौर पर टाटा स्टील चूंकि, स्टील निर्माता कंपनी है, इस कारण इस जगह पर सबसे ज्यादा इस पर फोकस करते हुए काम किया जा रहा है. ऊर्जा संरक्षण और अन्य पर्यावरणीय चुनौतियों से निबटने के लिए कंपनी तेजी से काम कर रही है.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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