जमशेदपुर : लौहनगरी जमशेदपुर से हवाई यात्रियों के लिए एक बार फिर निराशाजनक खबर है. सोनारी एयरपोर्ट से संचालित होने वाली जमशेदपुर-भुवनेश्वर फ्लाइट सेवा 31 अगस्त के बाद पूरी तरह बंद हो गयी है. साथ ही जमशेदपुर एक बार फिर नियमित हवाई कनेक्टिविटी से वंचित हो गया है.
ये है वजह
विमानन कंपनी इंडिया वन एयर ने इसके के पीछे कमर्शियल अनवायबिलिटी और सरकार से पर्याप्त वित्तीय सहायता नहीं मिलने का हवाला दिया है. कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीइओ) प्रेम कुमार गर्ग के मुताबिक, नौ सीटों वाले छोटे विमान का परिचालन बिना सरकारी आर्थिक सहायता के जारी रखना संभव नहीं रह गया था.
मई में ही बंद हो गयी थी कोलकाता की उड़ान
जमशेदपुर-कोलकाता हवाई सेवा पहले ही बंद हो चुकी है. केंद्र सरकार की ‘उड़ान’ योजना के तहत मिलने वाली वायबिलिटी गैप फंडिंग नवंबर 2025 में समाप्त हो गयी थी. एयरलाइन के अनुरोध पर इसे छह महीने के लिए मई 2026 तक बढ़ाया गया था. मई के बाद जमशेदपुर-कोलकाता रूट पर परिचालन बंद करना पड़ा. कंपनी के अनुसार, पश्चिम बंगाल और झारखंड सरकार की ओर से आर्थिक सहयोग को लेकर कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली. हालांकि, ओडिशा सरकार के सहयोग से जमशेदपुर-भुवनेश्वर रूट पर 31 अगस्त तक उड़ान जारी रखी गयी.
10 हजार की लागत, टिकट करीब 3 हजार में
सीइओ प्रेम कुमार गर्ग ने बताया कि नौ सीटर विमान की प्रति सीट परिचालन लागत करीब 10 हजार रुपये आती है. वहीं, सब्सिडी के कारण यात्रियों को टिकट लगभग 3 हजार रुपये में उपलब्ध कराया जा रहा था. ऐसे में सरकारी वित्तीय सहायता समाप्त होने के बाद प्रत्येक सीट पर होने वाले भारी घाटे को लंबे समय तक वहन करना कंपनी के लिए संभव नहीं था. एयरलाइन के मुताबिक, बिना आर्थिक मदद के इस रूट पर परिचालन जारी रखने से कंपनी को लगातार नुकसान उठाना पड़ता. इसी वजह से भुवनेश्वर सेवा भी बंद करने का निर्णय लिया गया.
जमशेदपुर के लिए फिर बढ़ी एयर कनेक्टिविटी की चुनौती
भुवनेश्वर उड़ान बंद होने के साथ ही जमशेदपुर के यात्रियों के सामने हवाई यात्रा का विकल्प एक बार फिर सीमित हो गया है. शहर के कारोबारियों, औद्योगिक क्षेत्र से जुड़े लोगों और नियमित हवाई यात्रियों के लिए यह बड़ा झटका माना जा रहा है. अब जमशेदपुर से नियमित हवाई सेवा बहाल होने के लिए सरकारी सहयोग और नई एयरलाइन की पहल पर नजर रहेगी.
