टाटा मोटर्स के चौथे कैंटीन में आरोग्यम फूड मेन्यू की शुरुआत

Arogyam food menu launched in the fourth canteen of Tata Motors

जमशेदपुर

. टाटा मोटर्स के फाइनल डिवीजन के कैंटीन में कर्मचारियों को स्वस्थ और स्वादिष्ट भोजन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आरोग्यम फूड मेन्यू की शुरूआत की गयी. पहले यहां कैंटीन में केवल आहार मेनू था. शुक्रवार से यहां आरोग्यम फूड मेन्यू भी आरंभ किया गया है. अब जमशेदपुर प्लांट में चार कैंटीन में आरोग्यम फूड मेन्यू की सुविधा कर्मचारियों को मिलेगी. कंपनी में कुल 13 कैंटीन है. कैंटीन का उद्घाटन कंपनी के एचआर हेड मोहन गंटा, आइआर हेड सौमिक राय, मनीष वर्मा, जीएम एक्सल आशीष दास और टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष गुरमीत सिंह, महामंत्री आरके सिंह ने संयुक्त रूप से किया. इस दौरान यूनियन के सभी ऑफिस बियरर और कमेटी मेंबर मौजूद थे.

तीन पिंक कैंटीन घोषित, महिलाओं के जिम्मे सभी जिम्मेदारी

आरोग्य में खाने की गुणवत्ता को वैसे लोगों के मापदंड के आधार पर बनाया गया है, जिन्हें तेल मसाला कम करने की हिदायत डॉक्टर ने दी है या अन्य बीमारी से ग्रसित हैं, जिन्हें सादा भोजन चाहिए. इसके अलावा कैंटीन में महिलाओं की सेवा को देखते हुए उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए प्रबंधन ने कंपनी के जनरल ऑफिस, सीटीआर और फाइनल डिवीजन के कैंटीन को पिंक कैंटीन घोषित किया है. जिसका पूरा प्रबंध महिलाओं के जिम्मे सौंपा गया है. इसमें विभिन्न प्रकार के क्षेत्रीय, मौसमी और स्थानीय भोजन शामिल होंगे.

कर्मियों को फ्री में मिलती है सभी सुविधा

टाटा मोटर्स के कर्मचारियों को कैंटीन में सभी सुविधा फ्री में मिलती है. इसके लिए कोई शुल्क नहीं चुकाना होता है. महंगाई के दौरान में भी कर्मचारियों को भोजन में चावल, दाल, दो तरह की सब्जी, पापड़, दो केला, सलाद, दही और मिठाई और नाश्ते में नमकीन पूड़ी, प्याजी, लड्डू, हलवा, चने की घुघुनी, कचौड़ी और आलू चाप नि:शुल्क मिलती है. हर दिन करीब 15 हजार कर्मचारी इस कैंटीन में आनंद उठाते हैं. टाटा मोटर्स में कैंटीन की सुविधा 72 सालों से चल रही है. पहले कंपनी स्वयं खुद सभी कैंटीन का संचालन करती थी. अब सोडेस्को नामक एजेंसी कैंटीन चला रही है. एजेंसी को इस एवज में टाटा मोटर्स कंपनी अनुदान देती है.

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Published by: Prabhat khabar news desk

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