प्रतिनिधि, झारसुगुड़ा : कृषि उत्पादन क्लस्टर कार्यक्रम के तहत प्राकृतिक खेती के व्यापक प्रसार और प्रभावी क्रियान्वयन के उद्देश्य से जिला स्तरीय समन्वय बैठक का आयोजन वर्चुअल माध्यम से शनिवार को जिला कृषि अधिकारी कार्यालय में किया गया. बैठक में ओडिशा आजीविका मिशन की जिला परियोजना प्रबंधक डॉ. पुष्पश्री नायक, सहायक उद्यान कृषि निदेशक, सभी ब्लॉकों के सहायक उद्यान कृषि अधिकारी, सभी ब्लॉक परियोजना प्रबंधक, एपीसी ब्लॉकों के कार्यक्रम प्रबंधक तथा सहयोगी गैर-सरकारी संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे. इस बैठक में प्राकृतिक खेती को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए.
तय कार्ययोजना के अनुसार प्रत्येक ब्लॉक में प्राकृतिक खेती को प्रभावी ढंग से लागू किया जाएगा. खेती की प्रगति और कार्यप्रणाली की निगरानी के लिए ब्लॉक स्तर पर एक अलग ट्रैकिंग शीट विकसित की जाएगी, जिससे प्रत्येक गतिविधि की नियमित समीक्षा की जा सके.इसके साथ ही चालू मौसम में प्राकृतिक खेती से जुड़ने वाले किसानों की ब्लॉकवार सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए. किसानों के परिवारों की पोषण सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए चिन्हित प्राकृतिक खेती क्लस्टरों के अंतर्गत प्रत्येक परिवार में ''पोषण वाटिका'' स्थापित करने को प्रोत्साहित किया जाएगा.
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि प्राकृतिक खेती करने वाले सफल किसानों के अनुभवों के आधार पर प्रत्येक ब्लॉक से 4 से 5 सफलताओं की कहानियों का दस्तावेज तैयार किया जाएगा, ताकि अन्य किसान उनसे प्रेरणा ले सकें. इस अवसर पर जैविक संसाधन केंद्रों को और अधिक मजबूत बनाने पर विशेष बल दिया गया. क्लस्टर के भीतर तथा बाहर के किसानों को जैविक उत्पादों के उत्पादन एवं वितरण की व्यवस्था की नियमित निगरानी की जाएगी. प्राकृतिक खेती के सफल संचालन के लिए कार्यक्रम प्रबंधकों, कम्युनिटी कोऑर्डिनेटरों, कम्युनिटी रिसोर्स पर्सन तथा अन्य संबंधित हितधारकों के लिए एक दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने का भी निर्णय लिया गया.
इसके अतिरिक्त उद्यान कृषि विभाग, एपीसी कार्यक्रम तथा ओडिशा आजीविका मिशन के बीच समन्वय को और मजबूत करने तथा कार्यों की प्रगति की समीक्षा के लिए नियमित रूप से संयुक्त समीक्षा बैठकें आयोजित की जाएंगी.
