तीन दिवसीय सेमिनार संपन्न फोटो है वेल्डिंग 1जमशेदपुर. वेल्डिंग के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव के संकल्प के साथ शनिवार को तीन दिवसीय वेल्डिंग पर आयोजित सेमिनार का समापन हो गया. बिष्टुपुर स्थित एसएनटीआइ ऑडिटोरियम में आयोजित इस सेमिनार में ऑटोमोबाइल के निर्माण में यात्रियों और चालकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वेल्डिंग का जोड़ तैयार किये जाने पर चर्चा की गयी. टाटा स्टील के पूर्व डिप्टी एमडी डॉ टी मुखर्जी सेशन में शामिल हुए. ओसाका यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर हिदेतोशी ने इस पर प्रकाश डाला. बताया गया कि अगर टरबाइन में किसी तरह की गड़बड़ी हो जाये तो निश्चित तौर पर वेल्डिंग को दुरुस्त करना चाहिए. विस्फोटक वेल्डिंग के जरिये किस तरह नयी तकनीक विकसित हुई है, इसके बारे में भी जानकारी दी गयी. इस पर आइआइटी रुड़की के प्रोफेसर एमएम महापात्रा ने विस्तार से जानकारी दी. डिफेंस मेटलर्जिकल रिसर्च लेबोरेटरी (डीएमआरएल) के प्रोफेसर वेंकटेश्वर राव ने एक्सपोसन वेल्डिंग की नयी तकनीक के बारे में जानकारी दी और बताया कि किस तरह यह डिफेंस से संबंधित गाडि़यों और उपकरणों को जोड़ने का काम करती है. अंतिम दिन टाटा स्टील के डॉ महादेव सोम, आइआइटी मद्रास के जीडी जानकी राम, एलएंडटी हाजिरा के अनिल बालधा, जाधवपुर यूनिवर्सिटी के डॉ टीके पाल, आंध्रा यूनिवर्सिटी के वेंकट राव की ओर से पेपर प्रस्तुत किये गये.
वेल्डिंग में क्रांतिकारी बदलाव का संकल्प
तीन दिवसीय सेमिनार संपन्न फोटो है वेल्डिंग 1जमशेदपुर. वेल्डिंग के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव के संकल्प के साथ शनिवार को तीन दिवसीय वेल्डिंग पर आयोजित सेमिनार का समापन हो गया. बिष्टुपुर स्थित एसएनटीआइ ऑडिटोरियम में आयोजित इस सेमिनार में ऑटोमोबाइल के निर्माण में यात्रियों और चालकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वेल्डिंग का […]
