जमशेदपुर : टीएमएच में भर्ती रितिका महापात्रा का मंगलवार को डॉ एस रावत ने देखा और थ्रीडी सिटी स्कैन कराया. सिटी स्कैन में सूई साफ-साफ दिख रही है.वहीं, दूसरी ओर मंगलवार को ही पैथोलॉजी विभाग के एचओडी डॉ मीनाक्षी ने रितिका के परिजन को समझाने की कोशिश की.
डॉ मीनाक्षी ने परिजनों को बताया कि किसी का पैर या हाथ टूटने से रॉड डाल कर उसे नट से टाइट करके छोड़ दिया जाता है, इससे कुछ होता नहीं है. डॉक्टरों द्वारा मामले की जांच की जा रही है. कुछ रिपोर्ट आयी है, लेकिन कुछ नहीं आयी है. सभी रिपोर्ट आने के बाद ही डॉक्टरों द्वारा निर्णय लिया जायेगा कि रितिका का ऑपरेशन कब करना है.
डॉ मीनाक्षी ने परिजनों को बताया कि डॉ रावत गुरुवार को हो सकता है कि उसका ऑपरेशन करें. वहीं, दूसरी ओर रितिका के चाचा प्रणव कुमार महापात्रा ने बताया कि डॉ रावत से बात करने पर वे सही जानकारी नहीं दे रहे हैं. उनके द्वारा सिर्फ यही कहा जा रहा है कि सब कुछ ठीक हो जायेगा. प्रणव ने कहा कि अब उन्हें रितिका का यहां ऑपरेशन नहीं कराना है.
अस्पताल बच्ची को सीएमसी रेफर कर दे. इसके अलावा उन्होंने कहा कि ऑपरेशन करने के पहले डॉक्टर को लिखकर देना होगा कि ऑपरेशन के बाद बच्ची को कुछ नहीं होगा. मालूम हाे कि सोमवार को टीएमएच में भर्ती रितिका को बोन मेरो कनेक्शन के लिए रीढ़ में सूई डाली गयी थी, जोकि अंदर ही टूट गयी थी. इसके कारण वह दर्द से परेशान है.
क्या कहना है प्रवक्ता अमरेश सिन्हा का
मरीज अस्पताल में भर्ती है. उसका इलाज अस्पताल के वरीय डॉक्टरों की टीम की देखरेख में हो रहा है. इसके अलावा परिजनों को सारी स्थिति से अवगत कराया जा रहा है.
