आदित्यपुर : नगर पर्षद से नगर निगम बनने पर आदित्यपुर को एक सबसे बड़ा लाभ यह मिला है कि अब पांच करोड़ तक की एक भी योजना को प्रशासनिक स्वीकृति हेतु रांची नहीं भेजना पड़ेगा. इसकी स्वीकृति नगर निगम बोर्ड खुद देगा. पहले नगर पर्षद बोर्ड को एक करोड़ तक की योजना को ही प्रशासनिक स्वीकृति देने की शक्ति थी.
आरसीडी से योजना होगी वापस. नगर निगम के नवनिर्वाचित मेयर विनोद श्रीवास्तव ने बताया कि नगर निगम को पांच करोड़ तक की योजना की प्रशासनिक स्वीकृति का अधिकार है, इसलिए पथ निर्माण विभाग (आरसीडी) को पूर्व के नगर पर्षद बोर्ड द्वारा पांच सड़कों के निर्माण की योजना को वापस लिया जायेगा. इसके लिए नगर पर्षद ने विभाग को अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) दिया था. विभाग उक्त योजना को प्राप्त करने के लिए लगातार प्रयास करता रहा था, लेकिन जब उसे एनओसी मिल गया, तो वह विगत दो सालों से चुप्पी साधे हुए बैठा है. उक्त योजना को 14वें वित्त आयोग से स्वीकृत करवाकर राशि हासिल करने के बाद पूरी कार्यवाही की जायेगी. आयोग 50 लाख के ऊपर की योजना स्वीकृत करता है. पहले पांच, उसके बाद छह योजनाएं वहां स्वीकृत हो चुकी है. वहां अब कोई प्रस्ताव लंबित नहीं है, इसलिए उक्त पांच सड़कों की योजना शीघ्र स्वीकृत हो जाने की संभावना है. 14वें वित्त आयोग में अभी धनराशि भी उपलब्ध है.
28 अप्रैल कोे सरायकेला में होगा शपथ ग्रहण समारोह. आदित्यपुर नगर निगम के नव निर्वाचित मेयर, उपमेयर व 35 वार्ड पार्षद का शपथ ग्रहण समारोह सामुदायिक भवन सरायकेला में 28 अप्रैल को होगा. इधर इस संबंध में नगर निगम या किसी निर्वाचित जनप्रतिनिधि को जिला प्रशासन से पत्र प्राप्त नहीं हुआ है.
इन पांच सड़कों का होगा निर्माण
आदित्यपुर. 14वें वित्त आयोग से मिली राशि से मुख्य मार्ग से हरिओमनगर तक, मांझीटोला से खरकई नदी तक, शेर-ए-पंजाब चौक से आदित्यपुर थाना व दिंदली बाजार, आदित्यपुर बस्ती होते हुए एस टाइप तक की सड़क तथा भाटिया रोड व गम्हरिया स्टेशन रोड का निर्माण होगा.
