छह माह में तीन हजार से अधिक आवेदन अस्वीकृत, कारण जानने के लिए भटक रहे आवेदक हजारीबाग. सदर अंचल कार्यालय में जमीन दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) के बड़े पैमाने पर आवेदनों को बिना पूर्व सूचना और स्पष्ट कारण बताये अस्वीकृत किये जाने का मामला सामने आया है. पिछले छह माह में तीन हजार से अधिक आवेदन रिजेक्ट कर दिये गये है. कई मामलों में आवेदनों को क्रमवार (सीरियल) तरीके से खारिज किये जाने की चर्चा है. इससे रैयतों में नाराजगी है और वे यह जानने के लिए भटक रहे हैं कि आखिर उनका आवेदन किस आधार पर रद्द किया गया. आवेदक मनोज कुमार कुशवाहा ने बताया कि जमीन खरीदने के बाद उन्होंने सदर अंचल में ऑनलाइन दाखिल-खारिज के लिए आवेदन संख्या 4493 और 4494 दाखिल किया था. दोनों आवेदन 85 दिनों तक लंबित रहे. इस दौरान कई बार संबंधित कर्मचारी और अंचलाधिकारी से मिले. भूमि की तस्वीर भी पोर्टल पर अपलोड की गई थी. दस जनवरी को उन्हें पता चला कि आवेदन अस्वीकृत कर दिया गया. उनका आरोप है कि रिजेक्ट करने से पहले कोई नोटिस या सूचना नहीं दी गयी. इस संबंध में सदर अंचल अधिकारी आशुतोष ने कहा कि कर्मचारी के प्रतिवेदन के आधार पर आवेदन खारिज किये गये हैं. कई मामलों में आवश्यक कागजात की कमी पायी गयी थी. वहीं अपर समाहर्ता संतोष कुमार सिंह ने स्पष्ट किया कि म्यूटेशन आवेदन को अस्वीकृत करने से पहले आवेदक को सूचित करना आवश्यक है. यदि दस्तावेजों में कमी हो तो उन्हें सुधारने या जमा करने के लिए समय दिया जाना चाहिए. बिना सुनवाई के सीधे आवेदन खारिज करना नियम विरुद्ध माना जाता है.
हजारीबाग सदर अंचल में बिना सूचना हजारों दाखिल-खारिज आवेदन रद्द, रैयत परेशान
सदर अंचल कार्यालय में जमीन दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) के बड़े पैमाने पर आवेदनों को बिना पूर्व सूचना और स्पष्ट कारण बताये अस्वीकृत किये जाने का मामला सामने आया है.
