नीरज सांवरिया ने बांधा समां, जय दादी के जयकारों से गूंजा मंदिर हजारीबाग. शहर के मालवीय मार्ग स्थित राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस बुधवार को मनाया गया. दो दिवसीय इस आयोजन के पहले दिन मंदिर परिसर जय दादी के जयकारों से गुंजायमान रहा. पहले दिन प्रातः नौ बजे भव्य मंगल पाठ का शुभारंभ हुआ. इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु विशेषकर महिलाएं पारंपरिक राजस्थानी वेशभूषा में शामिल हुईं. मंदिर के प्रधान पुजारी शशिकांत मिश्रा ने विधिवत पूजा-अर्चना के बाद मंगल पाठ शुरू किया. मंगल पाठ के दौरान इत्र उत्सव, जन्मोत्सव, हल्दी उत्सव, सिंदूर उत्सव और मेहंदी उत्सव जैसे विभिन्न उत्सव का आयोजन कर माहौल को भक्तिमय बना दिया. भजन से मंदिर परिसर हुआ भक्तिमय धनबाद से आये सुप्रसिद्ध भजन गायक नीरज सांवरिया ने दादी के जन्म से लेकर उनके जीवन के विभिन्न प्रसंगों को मधुर भजनों के माध्यम से प्रस्तुत किया. जिसमे जय दादी री, जय दादी री,तेरी महिमा सबसे न्यारी री… तेरे नाम की ज्योत जली है, हर दिल में उजियारा है दादी तेरी कृपा से ही, जीवन ये संवारा है…जिससे पूरा मंदिर परिसर भक्ति रस में सराबोर हो गया. उनके भजनों ने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया. पूरा मंदिर परिसर भक्ति रस में सराबोर हो गया. विदाई के समय सुहाग सामग्री श्रद्धालु महिलाओं के बीच वितरित की गई. सभी दादी भक्तों के बीच प्रसाद का वितरण किया गया.आयोजन को सफल बनाने में कमेटी के सदस्यों एवं श्रद्धालुओं का विशेष योगदान रहा. कार्यक्रम के दूसरे दिन गुरुवार को प्रातः पांच बजे से मंगला आरती के साथ अनुष्ठान की शुरुआत होगी. मंदिर कमेटी के अध्यक्ष फतेहचंद मुनका ने कहा कि राणी सती दादी की कृपा से हर वर्ष यह आयोजन होता है. उन्होंने कहा कि इस प्रकार के धार्मिक आयोजन समाज में एकता, संस्कार और आस्था को मजबूत करते हैं.
राणी सती मंदिर के 28वें स्थापना दिवस पर मंगल पाठ एवं दादी उत्सव का आयोजन
शहर के मालवीय मार्ग स्थित राणी सती मंदिर का 28वां स्थापना दिवस बुधवार को मनाया गया.
