हजारीबाग : मनरेगा से संबंधित रिकार्ड संधारण को लेकर मंगलवार को सूचना भवन में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया. इस संबंध में विभिन्न पंचायतों के रिकार्ड संधारण की समीक्षा की गयी. कार्यशाला जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के तत्वावधान में किया गया. मुख्य वक्ता मनरेगा लोकपाल लक्षमीकांत थे.
उन्होंने पूर्ण व सफल तरीके से संचिका भरने, तमाम दस्तावेजों को व्यवस्थित करने, मापी पुस्तिका संधारण, स्वीकृत एवं कार्यांवित योजनाओं की आंतरिक जांच, योजनाओं के सफल कार्यान्वयन के लिए सूचना तथा सामग्री आपूर्ति करता के संबंध में विस्तृत जानकारी दी. मौके पर डाडी और बड़कागांव प्रखंड के विभिन्न पंचायतों में मनरेगा योजना के रिकार्ड संधारण के संबंध में उपलब्ध कराये गये रिकार्ड की समीक्षा की गयी. वहीं त्रुटियों में सुधार एवं नियमानुसार रिकार्ड संधारण के विभिन्न आयामों की जानकारी दी गयी. लोकपाल ने समय पर योजनाओं की स्वीकृति, कार्य आरंभ, कार्य को अनवरत चलाने, मजदूरों की ससमय मजदूरी भुगतान करने, सामग्री का क्रय विधिवत करने व सामग्री के लिए लगनेवाली रॉयल्टी के भुगतान के संबंध में जानकारी दी.
उन्होंने कहा कि जो मुखिया अपने कार्यों के प्रति गंभीर नहीं हैं, उनके कार्यों की जिम्मेवारी उप-मुखिया को भी सौंपी जा सकती है. उन्होंने एमबी पुस्तिका को साफ-स्वच्छ तरीके से भरने का निर्देश दिया. उन्होंने गलत तरीके से एमबी पुस्तिका भरे जाने पर सारी जवाबदेही मुखिया व पंचायत सचिव होगी. मौके पर डाडी तथा बड़कागांव प्रखंड के मुखिया, पंचायत सचिव, रोजगार सेवक, पंचायत सेवक व जेई आदि उपस्थित थे.
