गिद्दी(हजारीबाग) : सीसीएल मुख्यालय के निदेशक कार्मिक आरएस महापात्रा ने सोमवार को अरगडा कोयला क्षेत्र के विभिन्न परियोजनाओं में कायाकल्प योजना के कार्यों, कैंटीन, आदर्श क्षेत्रीय अस्पताल आदि का निरीक्षण किया. उन्होंने कहा कि मजदूरों के कल्याणकारी कार्यों पर सीसीएल कंपनी प्रति वर्ष करोड़ों रुपये खर्च करती है.
इसके वाबजूद क्षेत्र के मजदूरों को ठीक से चिकित्सा सुविधा और पानी नहीं मिल रहा है, तो यह गंभीर बात है. इससे पता चलता है कि क्षेत्र की व्यवस्था में कहीं न कहीं गड़बड़ियां है. इसके लिए क्षेत्र के संबंधित अधिकारियों से दो दिनों के अंदर हमने रिपोर्ट मांगी है. इसकी समीक्षा करेंगे.
इसके बाद इसकी व्यवस्था को मजबूत करेंगे. उन्होंने कहा कि कंपनी के पास पैसे की कोई कमी नहीं है. पैसा देते हैं, तो इसका उपयोग ठीक से क्यों नहीं हो रहा है. उन्होंने कहा कि कायाकल्प योजना से सीसीएल के सभी कोयला क्षेत्रों में मजदूरों के क्वार्टरों की सूरत नये ढंग से बदली जा रही है.
इस पर कंपनी 500 करोड़ रुपये खर्च कर रही है. कार्य की गुणवत्ता हमारी प्राथमिकता है. इसके अनुरूप कार्य नहीं होगा, तो अभिकर्ता पर हर्जाना लगायेंगे. साथ ही उनकी कंपनी को ब्लैक लिस्टेड किया जायेगा. ताकि वह कोल इंडिया में काम नहीं कर सके. उन्होंने कहा कि अरगडा कोयला क्षेत्र में कायाकल्प योजना का कार्य पूरे सीसीएल में सबसे खराब है.
उन्होंने कहा कि आदर्श क्षेत्रीय अस्पताल में जो भी कमियां है, उसे ठीक किया जायेगा. मजदूरों को चिकित्सा सुविधा प्रदान करने के लिए कंपनी करोड़ों रुपये खर्च कर रही है. उन्होंने कहा कि अरगडा कोयला क्षेत्र में सड़क, शिक्षा, कैंटीन सहित मजदूरों के अन्य बुनियादी सुविधाओं को ठीक करने के लिए ही हम इसका निरीक्षण कर रहे हैं.
इस मौके पर सीसीएल मुख्यालय महाप्रबंधक (वेलफेयर) विमलेंदू कुमार, अरगडा महाप्रबंधक केके सिन्हा, पीओ यूसी गुप्ता, बी मोहन कुमार, कैलाश कुमार, एसबी चौधरी, क्षेत्रीय चिकित्सा पदाधिकारी डॉ ए कुमार, संजीव कुमार, केशव राय, सुप्रिया लक्ष्मी, सुचिता मुखर्जी, बीके गुप्ता, उदय सिंह, अनिल कुमार, ललन कुमार, विनोद कुमार, मजदूर नेता अरुण कुमार सिंह सहित कई अधिकारी उपस्थित थे.
