हजारीबाग : मेरू स्थित बीएसएफ कैंप की ओर से पुलिस स्मृति दिवस मनाया गया. एडीएम ग्राउंड में आयोजित कार्यक्रम में बीएसएफ के महानिरीक्षक महेंद्र सिंह, उप-महानिरीक्षक बीएस रावत ने देश के 414 जांबाज शहीदों के बलिदान को याद किया. बीएसएफ के तीन शहीदों के परिजन को सम्मानित किया गया.
महानिरीक्षक महेंद्र सिंह ने कहा कि 1959 में लद्दाख में भारतीय सीमाओं की रक्षा करते हुए चीनी हमले में 10 पुलिस के जवान मारे गये थे. जवानों को चीनी सेना ने धोखे से मारा था. उन्ही की याद में प्रत्येक वर्ष अर्द्धसैनिक बल व पुलिस के जवानों की स्मृति में यह दिवस मनाया जाता है. वर्ष 2017 से अक्तूबर 2018 तक 414 जवानों ने देश की रक्षा व आंतरिक सुरक्षा के लिए अपनी जान न्योछावर की.
परिजनों को किया गया सम्मानित
सीमा सुरक्षा बल ने शहीद जवानों में राजेश शरण, जेवियर किंडो और परमहंस यादव के परिजनों को विशेष आमंत्रण कर बुलाया. बीएसएफ के महानिरीक्षक ने शहीद राजेश शरण के भाई राकेश शरण, जेवियर किंडो की पत्नी निर्मला किंडो एवं परमहंस यादव के भाई अवधेश यादव को शॉल और बुके देकर सम्मानित किया.
इस वर्ष 42 जवान हुए शहीद
बीएसएफ के महानिरीक्षक ने कहा कि इस वर्ष बीएसएफ के 42 जवान कर्तव्य का निर्वहन करते हुए वीरगति को प्राप्त हुए. इनमें जीतेंद्र सिंह, गजेंद्र सिंह, दीपक कुमार मंडल, रजनीश कुमार, कंवलजीत सिंह, ब्रजकिशोर यादव, कमलजीत सिंह यादव, सुरेश चंद, सत्यनारायण यादव, रामनिवास, चमनलाल, मान सिंह, सुनील कुमार टिके, चंद्रभान, राधापद्दा हाजरा, ए सुरेश, जगपाल सिंह, राजवीर सिंह, संतोष लक्ष्मण गौरव, विजय आनंद नायक, बलजेंद्र सिंह, राजेंद्र कुमार नेन, आशीष पात्रा, मो मुजाहिद खान, मनोज कुमार सिंह, अजय कुमार यादव, सुबित कुमार शर्मा, जीतेंद्र सिंह, मनोरंजन लेनका, मनदीप कुमार, उत्पल राभा, निर्मल घोष, संदीप कुमार यादव, शंकर लाल बारला, नासिर अहमद, राथर, धर्मेंद्र यादव, चंद्रा एचएस हैं. झारखंड पुलिस के बनुआ उरांव, कृष्णा प्रसाद नियोपने, अजीत ओड़ेया, परमानंद चौधरी, कुंदन कुमार सिंह, देवकुमार महतो, अजय कुजूर का नाम शामिल है.
