गुमलाः गुमला जिला बार एसोसिएशन के सदस्य सह युवा अधिवक्ता राणा रविकांत की गुरुवार अहले सुबह कुएं में डूबने से मौत हो गयी. घटना की सूचना मिलते ही जिला बार भवन में शोक की लहर दौड़ गयी. बड़ी संख्या में अधिवक्ता न्यायिक कार्य छोड़कर सदर अस्पताल पहुंचे और शोकाकुल परिजनों को ढांढस बंधाया.
परिजनों के अनुसार, राणा रविकांत बुधवार दिन में करीब 11 बजे करमटोली स्थित अपने घर से बाहर निकले थे. इसके बाद वह घर वापस नहीं लौटे. परिजनों और स्थानीय लोगों ने उनकी काफी खोजबीन की. इसी दौरान बुढ़वा महादेव मंदिर के समीप स्थित एक कुएं में उन्हें देखा गया. स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें कुएं से बाहर निकाला गया और तत्काल सदर अस्पताल पहुंचाया गया. उस समय उनकी हल्की सांस चल रही थी, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गयी.
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माता-पिता, पत्नी और बेटी का रो-रोकर बुरा हाल
राणा रविकांत के निधन की खबर मिलते ही उनके माता-पिता, पत्नी और छोटी बेटी का रो-रोकर बुरा हाल हो गया. मिलनसार और मृदुभाषी स्वभाव के कारण राणा रविकांत ने हर वर्ग के लोगों के बीच अपनी अलग और अमिट पहचान बनायी थी. उनके आकस्मिक निधन से अधिवक्ताओं के साथ-साथ परिचितों और शुभचिंतकों में भी शोक की लहर है. बताया गया कि राणा रविकांत के चाचा भी अधिवक्ता हैं.
बड़ी संख्या में अधिवक्ता अस्पताल पहुंचे
सदर अस्पताल पहुंचने वालों में बार एसोसिएशन के अध्यक्ष श्रवण साहू, सचिव बाबूलाल, उपाध्यक्ष राणा नकुल सिंह, अधिवक्ता मुन्तजिर, तौहीद, अवनीत पांडेय, राजू, शोएब, फैयाज, मुकेश पाठक, अमर सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता शामिल थे. सभी ने शोकाकुल परिजनों को ढांढस बंधाया. शव के पंचनामा और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने तक अधिवक्ता अस्पताल में मौजूद रहे.
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