एकता, संकल्प और प्रयास से निकला बेहतर परिणाम, खिलाड़ियों को मिला खेल मैदान

: जारी प्रखंड के बारडीह गांव में फुटबॉल व हॉकी के खिलाड़ी हैं, लेकिन मैदान के अभाव में अभ्यास नहीं कर पा रहे थे

: जारी प्रखंड के बारडीह गांव में फुटबॉल व हॉकी के खिलाड़ी हैं, लेकिन मैदान के अभाव में अभ्यास नहीं कर पा रहे थे. : सामूहिक प्रयास से जेवियर खलखो ने पांच सालों के लिए जमीन को खेल मैदान के रूप में उपयोग करने के लिए दी. 9 गुम 16 में खेल ग्राउंड प्रतिनिधि, जारी कहा जाता है कि यदि एकता व उचित उद्देश्य की पूर्ति के लिए मिलकर कोई प्रयास किया जाये, तो उसके परिणाम बेहतर ही निकलकर सामने आते हैं. ऐसा ही कुछ जारी प्रखंड के मेराल पंचायत अंतर्गत बारडीह के युवाओं ने भी कर दिखाया है. बारडीह गांव छत्तीसगढ़ की सीमा से सटा है. इस गांव में विभिन्न प्रकार के खेलों विशेषकर फुटबॉल व हॉकी के खिलाड़ी रहते हैं. लेकिन खिलाड़ियों को खेल में अपनी प्रतिभा निखारने के लिए खेल मैदान नहीं था. हालांकि कुछ साल पूर्व सरकारी योजना से बुमतेल गांव में एक खेल मैदान का निर्माण कराया गया है. लेकिन उक्त खेल मैदान को गांव से काफी दूर व गलत जगह पर बनाये जाने के कारण खिलाड़ी वहां अभ्यास करने नहीं जाते हैं. वहीं गांव के बड़े-बुजुर्गों ने गांव के युवकों को नशे से दूर रखने का संकल्प लिया है. गांव के युवा वर्ग भी बड़े-बुजुर्गों के साथ कदम से कदम मिलाकर चल रहे हैं. इस संकल्प को बरकरार रखने के लिए गांव के युवाओं की खेल प्रतिभा को देखते हुए एक खेल मैदान बनाने का निर्णय लिया. खेल मैदान बनाने के लिए गांव के लोगों ने बारडीह गांव के जेवियर खलखो से बात करते हुए जमीन देने का अनुरोध किया. जिसपर जेवियर खलखो ने आगामी पांच साल तक के लिए अपनी जमीन को खेल मैदान के रूप में उपयोग करने के लिए दिया. आगामी पांच सालों तक खिलाड़ी उक्त खेल मैदान में अभ्यास कर सकते हैं. गांव के युवा युवा रोहित मिंज, रवि मिंज, सूचित बेक, दीप तिग्गा, आलोक बेक सहित अन्य ने बताया कि गांव में काफी संख्या में फुटबॉल व हॉकी के खिलाड़ी हैं. गांव के खिलाड़ी आये दिन कहीं न कहीं के टूर्नामेंट में खेल रहे हैं. जिसे देखते हुए गांव के युवाओं ने निर्णय लिया कि हमारे गांव में एक खेल मैदान होना बहुत जरूरी है. इस प्रकार बनाया जा रहा खेल मैदान युवकों ने बताया कि खेल मैदान के लिए जमीन मिल गयी है. जमीन को खेल मैदान बनाया जा रहा है. खिलाड़ियों द्वारा मैच में जीती हुई राशि से खेल मैदान का निर्माण कराया जा रहा है. अब तक लगभग एक लाख रुपये खर्च हो चुका है. अभी और लगभग 50 हजार रुपये खर्च होने की संभावना है. खिलाड़ी जैसे-जैसे मैच जीतेंगे. वैसे-वैसे खेल मैदान का निर्माण पूर्ण होगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: VIKASH NATH

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >