4 दिन पहले आया था नया सिलेंडर, अचानक हुआ धमाका और क्षतिग्रस्त हो गया पूरा मकान

सोमवार रात नवागढ़ के ऊपरखोर गांव में एलपीजी सिलेंडर में भीषण विस्फोट से गरीब परिवार का मिट्टी का मकान ढह गया. गनीमत रही कि परिवार घर पर मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया.

Cylinder Blast: रायडीह थाना क्षेत्र के नवागढ़ पतराटोली पंचायत के ऊपरखोर गांव में सोमवार रात घरेलू एलपीजी सिलेंडर में जोरदार विस्फोट हो गया. धमाका इतना तेज था कि गरीब परिवार के मिट्टी के मकान की एक दीवार टूटकर गिर गई, जबकि खपरैल की छत भी क्षतिग्रस्त हो गई. घर में रखा बर्तन, कपड़ा समेत अन्य घरेलू सामान भी बर्बाद हो गया. हालांकि, घटना के वक्त परिवार का कोई सदस्य घर में मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा होने से बच गया.

दीदी के घर सोने गया था परिवार, पीछे से हुआ धमाका

गृहस्वामी आर्टिकोस मिंज ने बताया कि घटना सोमवार रात करीब 10 बजे की है. शाम को वह अपने बेटे के साथ बगल के डूमरटोली गांव स्थित अपनी दीदी के घर सोने चले गए थे. इसी दौरान ग्रामीणों ने फोन कर घर में जोरदार विस्फोट होने की जानकारी दी. मंगलवार सुबह जब वह अपने घर पहुंचे, तो वहां का मंजर देखकर दंग रह गए. उन्होंने बताया कि रसोई में रखा एलपीजी सिलेंडर फटने से मिट्टी के मकान की दीवार टूटकर गिर गयी थी. खपरैल की छत भी क्षतिग्रस्त थी. घर में रखे घरेलू उपयोग के सामान को भी भारी नुकसान पहुंचा था.

ये भी पढ़ें- हटिया ग्रिड का 50 MVA ट्रांसफॉर्मर फिर खराब, 125 की जगह मिल रही 85 मेगावाट बिजली

नया सिलेंडर लाने के चार दिन बाद ही हुआ विस्फोट

आर्टिकोस मिंज के अनुसार, रसोई में दो एलपीजी सिलेंडर रखे हुए थे. इनमें से एक सिलेंडर चूल्हे से जुड़ा था, जबकि दूसरा सिलेंडर पिछले गुरुवार को ही लाकर रखा गया था. उनका कहना है कि नये सिलेंडर की सील तक नहीं टूटी थी. इसके बावजूद उसमें विस्फोट कैसे हुआ, यह उनकी समझ से परे है.

मुखिया ने घटनास्थल का लिया जायजा

घटना की जानकारी मिलने के बाद नवागढ़ पंचायत की मुखिया किरण डुंगडुंग मौके पर पहुंचीं और क्षतिग्रस्त मकान का जायजा लिया. रायडीह थाना पुलिस को भी घटना की सूचना दी गई है. फिलहाल सिलेंडर में विस्फोट के कारणों की स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है. विस्फोट के बाद पीड़ित परिवार को काफी नुकसान हुआ है. परिवार ने मदद की उम्मीद जताई है. गनीमत रही कि जिस समय धमाका हुआ, उस वक्त घर में कोई मौजूद नहीं था. इससे एक बड़ा हादसा टल गया.

ये भी पढ़ें- घर लौट रही 62 साल की महिला के सामने आया हाथी, कुचलकर ले ली जान

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By दुर्जय पासवान

दुर्जय पासवान ने वर्ष 2001 से पत्रकारिता की शुरुआत की. दैनिक जागरण में दो साल काम करने के बाद 2003 में वे प्रभात खबर से जुड़े. इसके साथ ही नयी दुनिया अखबार, प्रहार मैगजीन में भी अपनी सेवा दी. इसके बाद 2010 में वे दैनिक भास्कर गुमला का ब्यूरो इंचार्ज के रूप में काम शुरू किये. भास्कर में पांच साल सेवा देने के बाद दोबारा 2014 में प्रभात खबर में ब्यूरो इंचार्ज के रूप में वापसी की. तब से अबतक प्रभात खबर से जुड़े हुए हैं. उन्होंने नक्सलियों से जुड़ी खबरें, नक्सली घटनाएं, ग्राउंड रिपोर्ट, प्राचीन और ऐतिहासिक धरोहरों की खोज से संबंधित खबरों पर अच्छा काम किया. इन्हीं खबरों ने उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में पहचान दी. दुर्जय पासवान बहुत लगन से अपना सभी काम का पूरा करते हैं.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >