घूस की राशि नहीं मिली, तो सेवा पुस्तिका का सत्यापन नहीं किया
शिक्षक माड़वारी साहू ने उपायुक्त श्रवण साय को ज्ञापन सौंपा है
गुमला : सिसई प्रखंड के राजकीयकृत मध्य विद्यालय बरगांव के सहायक शिक्षक माड़वारी साहू से गुमला के क्षेत्र शिक्षा पदाधिकारी रवींद्र कुमार सिंह ने तीन हजार रुपये घूस की मांग की है. घूस की राशि नहीं मिलने पर श्री सिंह ने शिक्षक की सेवा पुस्तिका का अद्यतन व सत्यापन नहीं किया. इससे शिक्षक एक माह से मानसिक रूप से परेशान हैं. शिक्षक माड़वारी विकलांग हैं.
वह सिसई से गुमला आकर डिप्टी डीएसइ के पास सेवा पुस्तिका सत्यापन करने गये थे, लेकिन जब पैसा नहीं मिला, तो सत्यापन करने से इनकार कर दिया. इससे आहत माड़वारी साहू ने डीसी श्रवण साय को ज्ञापन सौंपा है, जिसमें उन्होंने डिप्टी डीएसइ पर तीन हजार रुपये घूस मांगने का आरोप लगाते हुए न्याय की गुहार लगायी है. शिक्षक ने डीसी के अलावा डीएसइ गनौरी मिस्त्री, जिला परिषद की अध्यक्ष किरण माला बाड़ा को भी ज्ञापन सौंप कर घूस मांगने की जानकारी दी है.
शिक्षा विभाग में वसूली होते रही है
गुमला जिले में भ्रष्टाचार में डूबा शिक्षा विभाग का यह पहला केस नहीं है. इससे पहले भी घूस मांगने का आरोप यहां के पदाधिकारियों पर लगता रहा है. डिप्टी डीएसइ अक्सर इस मामले में सुर्खियों में रहे हैं, लेकिन डर से किसी शिक्षक ने उनके खिलाफ जाने की हिम्मत नहीं जुटायी. इधर, शिक्षक माड़वारी ने डिप्टी डीएसइ के खिलाफ जिस प्रकार खुल कर आगे आये हैं, निश्चित रूप से दूसरे शिक्षकों का भी मनोबल बढ़ेगा और व घूस देने के खिलाफ खड़े होंगे.
घर में बुला कर घूस की रकम मांगी
शिक्षक जब सेवा पुस्तिका के सत्यापन के लिए उनके कार्यालय पहुंचे, तो श्री सिंह गायब थे. इसपर शिक्षक ने फोन पर उनसे संपर्क किया और सत्यापन कराने की बात कही. इसपर श्री सिंह ने शिक्षक को अपने गुमला स्थित आवास पर बुलाया. पहले कुछ देर तक बैठाया. इसके बाद कहा कि तीन हजार रुपये दोगे, तभी सत्यापन करेंगे. इसपर शिक्षक ने अपनी विकलांगता व घर की स्थिति से अवगत कराते हुए पैसा देने में असमर्थता प्रकट की. इसपर रवींद्र सिंह ने सेवा पुस्तिका का सत्यापन करने से साफ इनकार कर दिया.
एक नि:शक्त शिक्षक से घूस की मांग करना गलत है. घूस मांगने वाले पदाधिकारी के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए. डीसी जांच करा कर कार्रवाई करें.
किरण माला बाड़ा, अध्यक्ष, जिप, गुमला
मेरे ऊपर लगाया गया आरोप गलत है. मैंने शिक्षक से घूस की मांग नहीं की हैं. मुझे फंसाया जा रहा है. मैंने शिक्षक से बच्चों की उपस्थिति की रिपोर्ट मांगी थी.
रवींद्र कुमार सिंह, डिप्टी डीएसइ, गुमला
