गुमला टोटो में नक्सलियों ने पोस्टरबाजी की
गुमला : पालकोट में हार्डकोर नक्सली वीरेंद्र यादव उर्फ आशीष दा को पुलिस मुठभेड़ में मार गिराने के खिलाफ भाकपा माओवादियों द्वारा आहूत झारखंड-बिहार राज्य बंद का गुमला जिले में व्यापक असर देखा गया. नक्सली बंदी से दो करोड़ रुपये से अधिक का व्यवसाय प्रभावित हुआ. गुमला बाजार का सिसई रोड स्थित पोस्ट ऑफिस नहीं खुला. शहर के कई एटीएम केंद्र बंद रहे.
दुकानें नहीं खुली. घाघरा व बिशुनपुर में 600 से अधिक बॉक्साइट ट्रक नहीं चले. गुमला शहर से छूटने वाली 160 बसों का परिचालन नहीं हुआ. 800 से अधिक सवारी गाड़ियां नहीं चली. नक्सली बंदी का असर जिले के सभी 12 प्रखंडों में देखने को मिला. 24 घंटे तक गुमला जिले की जिंदगी थमी रही. ऐसे कहीं से अप्रिय घटना की सूचना नहीं है.
दिनभर नक्सली घटना की अफवाह उड़ती रही. नक्सलियों के डर से शहर से गांव तक सन्नाटा पसरा रहा. चाय व पान तक की दुकान नहीं खुली. बंद से दिहाड़ी श्रमिकों पर व्यापक असर पड़ा है. बंद का असर गुमला के अलावा रायडीह, चैनपुर, डुमरी, जारी, पालकोट, बसिया, कामडारा, भरनो, सिसई, घाघरा व बिशुनपुर में देखा गया.
