गुमला. जिले के बसिया प्रखंड में मनरेगा योजना में बड़े घोटाले का मामला सामने आया है. आरोप है कि कलिगा पंचायत के कोनवीर नवाटोली गांव में बिना कुआं खोदे तीन लाख, 87 हजार रुपये की निकासी कर ली गयी. पंचायत सेवक समेत प्रखंड के अन्य कर्मियों पर फर्जी लाभुक खड़ा कर राशि गबन करने का आरोप लगा है. इस मामले की लिखित शिकायत जमीन मालिक सुनील उरांव ने उपायुक्त दिलेश्वर महतो से की है. शिकायत मिलने के बाद उपायुक्त दिलेश्वर महतो ने पूरे मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है. उन्होंने कहा कि मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जायेगी. जानकारी के अनुसार, बसिया प्रखंड की कलिगा पंचायत स्थित कोनवीर नवाटोली गांव में विनोद उरांव के खेत में मनरेगा के तहत एक कुआं स्वीकृत हुआ था. कुआं निर्माण की जिम्मेदारी लाभुक को देने के बजाय प्रखंड के अधिकारियों ने एक बिचौलिये को सौंप दी. इसके बाद कुआं की खुदाई शुरू तो हुई, लेकिन केवल मामूली गड्ढा खोद कर उसमें पत्थर डाल दिया गया और काम अधूरा छोड़ दिया गया. आरोप है कि जब लाभुक ने कुआं की खुदाई पूरी कराने की मांग की, तब प्रखंड कार्यालय से बताया गया कि योजना पूरी हो चुकी है और पूरी राशि की निकासी भी कर ली गयी है. इसके बाद दिनेश उरांव, उनके भाई सुनील उरांव तथा गांव के अन्य लोगों ने उपायुक्त को आवेदन देकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है. सुनील उरांव ने बताया कि यह कुआं वर्ष 2024 की योजना के तहत स्वीकृत हुआ था, लेकिन अधूरा काम छोड़ कर अधिकारियों व कर्मचारियों ने पूरी राशि निकाल ली.
बिना कुआं खोदे निकाल लिये 3.87 लाख रुपये
गुमला के बसिया प्रखंड के कोनवीर नवाटोली गांव का मामलाजमीन मालिक ने उपायुक्त से की शिकायत, जांच का मिला आश्वासन
