गुमला : पीएलएफआइ का बंद का व्यापक असर रहा. बंद का असर जिले के सभी 12 प्रखंडों में दिखा. परंतु सबसे ज्यादा प्रभावी कामडारा व बसिया में देखने को मिला. यहां पूरी तरह जिंदगी ठहर गयी.
हालांकि बंद के दौरान कहीं से अप्रिय घटना की सूचना नहीं है. बंद शांतिपूर्ण रहा. उग्रवादी डर से सभी दुकानें बंद रही. चाय-पान तक की दुकान नहीं खुली. दिहाड़ी में काम करनेवाले लोग परेशान हुए. रिक्शा चालक घर से निकले, पर उन्हें सवारी नहीं मिली. दुकान नहीं खुलने से कुछ लोग परेशान रहे. वाहनों का परिचालन नहीं होने से दूर दराज के लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा.
कुछ लोगों ने ज्यादा भाड़ा देकर सफर किया. तीन चार बस भी गुमला से छूटी. इसमें भेड़ बकरियों की तरह यात्रियों को बैठा दिया गया था. शहर के सभी पेट्रोल पंप बंद रहे. कालाबाजारी में ऊंचे दाम पर लोगों ने पेट्रोल व डीजल खरीदे. बंद से गुमला जिले में एक करोड़ रुपये का व्यवसाय प्रभावित हुआ है.
कामडारा व बसिया प्रखंड में अभूतपूर्व बंद रहने की वजह इस क्षेत्र में पीएलएफआइ का प्रभाव है. ऐसे इस क्षेत्र में पीएलएफआइ उग्रवादी कम हुए हैं, परंतु अभी भी क्षेत्र में उग्रवादियों का डर लोगों के बीच है. यही वजह है कि फरमान भर से इस क्षेत्र की जिंदगी 24 घंटे के लिए ठहर जाती है.
