मेहरमा प्रखंड क्षेत्र के मालप्रतापुर पंचायत के मालप्रतापुर गांव में सड़क के किनारे लगे सोलर जलमीनार कई महीनों से खराब होने के कारण ग्रामीणों को पेयजल की गंभीर समस्या का सामना करना पड़ रहा है. गांव में लगभग पांच वर्ष पहले चौदहवें वित्त आयोग की राशि से लगभग तीन लाख रुपये की लागत से सोलर जलमीनार स्थापित की गयी थी. जलमीनार के चलने से ग्रामीणों को पानी की किल्लत से निजात मिली और फिल्टर की वजह से शुद्ध पानी भी उपलब्ध होने लगा. कुछ महीनों अच्छे से चलने के बाद जलमीनार खराब हो गया. गांव में कई चापानल भी लगे हैं, लेकिन वे सभी खराब पड़े हैं. इस वजह से ग्रामीणों और मवेशियों को प्यास बुझाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. ग्रामीणों को अब संभ्रांत परिवारों के घरों में लगे सबमर्सिबल से पानी मांगकर अपनी प्यास बुझानी पड़ रही है. सोलर जलमीनार सड़क के किनारे होने के कारण राहगीर भी रुककर पानी पीते थे. जलमीनार खराब होने से अब उन्हें महंगे दामों में पानी की बोतल खरीदकर अपनी प्यास बुझानी पड़ रही है. ग्रामीण मो. इरशाद, मो. तबरेज, मो. शाहजहां, संजय साह, मिथुन कुमार, मनोज मंडल आदि ने वरीय पदाधिकारियों से सोलर जलमीनार की शीघ्र मरम्मत की गुहार लगायी है.
मेहरमा के मालप्रतापुर गांव में सोलर जलमीनार खराब
ग्रामीणों के सामने पेयजल संकट, शुद्ध पानी के लिए बढ़ी मुश्किलें
