राजमहल कोल परियोजना के ओसीपी कार्यालय और एरिया कार्यालय में कार्यरत परियोजना कर्मियों ने नया श्रम कोड लागू होने के विरोध में काला बिल्ला लगाकर कार्य किया और प्रदर्शन किया. प्रदर्शन में संयुक्त ट्रेड यूनियन के नेता भी शामिल हुए. यूनियन नेता राम जी साह ने बताया कि नया श्रम कोड मजदूर विरोधी कानून है, जो केवल पूंजीपतियों के लिए बनाया गया है. उन्होंने कहा कि इस कानून से मजदूरों के हक और अधिकार छीन लिए जाएंगे. 8 घंटे की बजाय 12 घंटे काम करवाया जाएगा, मजदूरों को बेवजह हटाया जा सकेगा और यूनियन के आंदोलन पर प्रतिबंध लगेगा. राम जी साह ने बताया कि परियोजना क्षेत्र में नया श्रम कानून लागू होने से पहले लगभग 7 बार प्रदर्शन किया जा चुका है, लेकिन मजदूरों की मांगों पर सरकार की ओर से कोई सकारात्मक पहल नहीं की गयी. एक अप्रैल 2026 से यह कानून लागू कर दिया गया है. यूनियन एवं मजदूर काला कानून के विरोध में चरणबद्ध आंदोलन करेंगे. इस मौके पर बाबूलाल किस्कू, राम सुंदर महतो, सीताराम महतो, गुरु प्रसाद हाजरा, अहमद अंसारी सहित अन्य यूनियन और मजदूर मौजूद थे.
राजमहल कोल परियोजना में श्रम कोड के विरोध में प्रदर्शन
परियोजना कर्मियों और यूनियन नेताओं ने काला बिल्ला लगाकर किया विरोध
