गोड्डा निवासी एवं जमुई में पदस्थापित विद्युत विभाग के जूनियर इंजीनियर (जेइ) देव कुमार गुंजन की हत्या के मामले का रेल पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है. पुलिस के अनुसार, इस हत्याकांड की साजिश किसी और ने नहीं, बल्कि मृतक की पत्नी ने अपने कथित प्रेमी के साथ मिलकर रची थी. हत्या के लिए चार लाख रुपये की सुपारी देकर भाड़े के शूटर से वारदात को अंजाम दिलाया गया. कटिहार रेल एसपी हरिशंकर कुमार ने प्रेस वार्ता में बताया कि मामले की जांच के दौरान जुटाये गये तकनीकी एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर इस साजिश का खुलासा हुआ. पुलिस ने मृतक की पत्नी अस्मिता कुमारी, उसके कथित प्रेमी अजीत कुमार तथा शूटर राजू कुमार उर्फ धीरज को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है.
क्या था मामला
मूल रूप से गोड्डा मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के हरिपुर गरबन्ना निवासी देव कुमार गुंजन जमुई के विद्युत विभाग में जूनियर इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे. 11 जून को वह अपनी पत्नी से मिलने सुपौल जा रहे थे. इसी दौरान मानसी-सहरसा रेलखंड पर बदला घाट के समीप जनसाधारण एक्सप्रेस में अज्ञात अपराधियों ने उन्हें गोली मार दी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गये. इलाज के दौरान पटना में उनकी मृत्यु हो गयी. घटना के बाद 12 जून को मानसी रेल थाना में हत्या एवं आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत कांड संख्या 22/26 दर्ज कर जांच शुरू की गयी. मामले की गंभीरता को देखते हुए बरौनी रेल एसडीपीओ के नेतृत्व में एसआइटी का गठन किया गया. एसआइटी ने तकनीकी एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर जांच करते हुए पूरे मामले का खुलासा किया.
प्रेम संबंध के कारण रची गयी साजिश
रेल एसपी हरिशंकर कुमार ने बताया कि मृतक की पत्नी अस्मिता कुमारी, जो सुपौल में एमवीआइ के पद पर कार्यरत हैं, का नालंदा में पदस्थापित ग्रेड-वन टेक्नीशियन अजीत कुमार के साथ कथित प्रेम संबंध था. अजीत कुमार जहानाबाद जिले के घोसी थाना क्षेत्र के साहो बिगहा गांव का निवासी है. पुलिस के अनुसार, दोनों एक साथ रहना चाहते थे, लेकिन देव कुमार गुंजन उनके रास्ते में बाधा बन रहे थे. इसी कारण दोनों ने हत्या की साजिश रची और जहानाबाद जिले के घोसी थाना क्षेत्र के सुजातपुर निवासी राजू कुमार उर्फ धीरज को चार लाख रुपये की सुपारी देकर हत्या की जिम्मेदारी सौंपी. पुलिस का दावा है कि सुपारी मिलने के बाद राजू कुमार उर्फ धीरज ने चलती ट्रेन में देव कुमार गुंजन को गोली मारकर हत्या कर दी. जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने पत्नी, उसके कथित प्रेमी और शूटर को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां से तीनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया.
