आइएफसी परियोजना के तहत खरीफ फसलों पर दो दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न

ठाकुरगंगटी में आइएफसी परियोजना के तहत खरीफ फसलों और जैविक खेती पर दो दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न हुआ, जिसका उद्देश्य किसानों की आय और उत्पादकता को बढ़ाना है।

ठाकुरगंगटी प्रखंड के बनियाडीह स्थित आजीविका महिला संकुल स्तरीय प्राथमिक स्वावलंबी सहकारी समिति लिमिटेड कार्यालय में इंटीग्रेटेड फार्मिंग क्लस्टर (आइएफसी) परियोजना के अंतर्गत आईएफसी कॉर्डिनेटर, सीनियर सीआरपी एवं आजीविका कृषि सखी के लिए आयोजित दो दिवसीय गैर-आवासीय खरीफ फसल विषयक प्रशिक्षण का सफलतापूर्वक समापन हुआ. प्रशिक्षण का संचालन पलाश जेएसएलपीएस के एफटीसी शमीम अख्तर एवं आस्क कॉर्डिनेटर आशीष कुमार आशीष ने किया.

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को आइएफसी परियोजना के उद्देश्य, किसानों की आय बढ़ाने में इसकी भूमिका तथा वैज्ञानिक एवं टिकाऊ कृषि पद्धतियों के महत्व की विस्तृत जानकारी दी गयी. प्रशिक्षकों ने खरीफ मौसम की प्रमुख फसलों एवं सब्जियों की उन्नत खेती, खेत की तैयारी, उन्नत बीजों का चयन, बीज उपचार, पौध संरक्षण, सिंचाई प्रबंधन, मृदा स्वास्थ्य, पोषक तत्व प्रबंधन, कीट एवं रोग नियंत्रण तथा फसल संरक्षण की वैज्ञानिक तकनीकों पर विस्तार से प्रशिक्षण दिया. प्रशिक्षण के दूसरे दिन भिंडी, मिर्च, कद्दू, करेला, नेनुआ, झिंगली तथा अन्य लतरदार सब्जियों की उन्नत खेती, पौध एवं पोषण प्रबंधन तथा उत्पादन बढ़ाने की तकनीकों पर विशेष चर्चा की गयी. इसके अलावा पैच-वार खेती के माध्यम से सब्जी क्लस्टर विकास, समूह आधारित उत्पादन मॉडल तथा उत्पादों को बाजार से जोड़ने की रणनीतियों की भी जानकारी दी गयी. प्रतिभागियों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जीवामृत, घनजीवामृत, नीमास्त्र, ब्रह्मास्त्र और अग्निअस्त्र सहित विभिन्न जैविक खाद एवं जैविक कीटनाशकों के निर्माण और उपयोग की विधि का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया.

प्रशिक्षकों ने बताया कि जैविक इनपुट के उपयोग से उत्पादन लागत कम होती है, मिट्टी की उर्वरता बढ़ती है तथा सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण कृषि उत्पादन सुनिश्चित होता है. प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य आइएफसी परियोजना से जुड़े कैडरों की तकनीकी क्षमता का विकास करना है, ताकि वे किसानों तक आधुनिक एवं वैज्ञानिक कृषि तकनीकों को प्रभावी ढंग से पहुंचाकर खरीफ फसलों एवं सब्जियों की उत्पादकता बढ़ाने के साथ-साथ किसानों की आय में सतत वृद्धि सुनिश्चित कर सकें. इस अवसर पर प्रखंड कार्यक्रम प्रबंधक प्रेम प्रकाश, सीसी संजीव मुर्मू, आइएफसी एंकर गुड़िया देवी, सीआरपी नीलू कुमारी एवं सावित्री देवी, बीआरपी दीनबंधु मंडल, आजीविका कृषि सखी प्रीति झा, रेखा देवी, सुनीता देवी तथा बागवानी सखी सहित अन्य प्रतिभागी उपस्थित थे. प्रशिक्षण के समापन पर प्रतिभागियों ने अपने-अपने कार्यक्षेत्र के किसानों तक प्रशिक्षण में प्राप्त तकनीकी जानकारी पहुंचाने तथा वैज्ञानिक एवं टिकाऊ खेती को बढ़ावा देने का संकल्प लिया.


प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Sanjeet kumar

Published by: Priya Gupta

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >