राजमहल कोल परियोजना के एरिया कार्यालय में सोमवार को छोटी वाहन चालक संघ की बैठक आयोजित की गयी. बैठक की अध्यक्षता संघ के अध्यक्ष सलामत अंसारी ने की. बैठक में चालकों की विभिन्न समस्याओं एवं मांगों पर विस्तार से चर्चा की गयी. बैठक को संबोधित करते हुए एटक यूनियन के सचिव रामजी साह ने कहा कि राजमहल परियोजना में वर्षों से छोटी वाहन चालक अपनी सेवाएं दे रहे हैं. चालकों की मेहनत और समर्पण के बल पर ही परियोजना का निरंतर विस्तार हो रहा है तथा कंपनी मुनाफा कमा रही है. इसके बावजूद चालकों को न्यूनतम मजदूरी नहीं मिलना दुर्भाग्यपूर्ण है. उन्होंने कहा कि पटना में मुख्य श्रम आयुक्त, परियोजना प्रबंधन एवं यूनियन प्रतिनिधियों के बीच हुई त्रिपक्षीय बैठक में चालकों को न्यूनतम मजदूरी देने पर लिखित सहमति बनी थी. गहन विचार-विमर्श के बाद इस प्रस्ताव को स्वीकृति भी मिली थी, लेकिन अब तक परियोजना प्रबंधन द्वारा समझौते को लागू नहीं किया गया है. रामजी साह ने कहा कि यदि प्रबंधन जल्द मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं करता है तो यूनियन आंदोलन के लिए बाध्य होगी. उन्होंने चालकों को शीघ्र न्यूनतम मजदूरी का भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की. इसके अलावा बिना उचित कारण चालकों को कार्य से नहीं हटाने, पूर्व में हटाये गये चालकों को पुनः काम पर रखने, वाहन मालिक बदलने की स्थिति में चालक को नहीं बदलने तथा सभी चालकों को कॉर्पोरेट वेतन एवं चिकित्सा सुविधा का लाभ देने की मांग भी उठायी गयी. बैठक में उपस्थित चालकों ने भी अपनी समस्याओं को रखते हुए प्रबंधन से शीघ्र समाधान की मांग की. उन्होंने कहा कि लंबे समय से लंबित मांगों के कारण चालकों में असंतोष बढ़ रहा है. बैठक में मनोज कुमार, सुनील कुमार, फिरोज अंसारी, श्रीकांत सिंह, सोनू महतो, राजकुमार, अजीत कुमार सहित बड़ी संख्या में चालक एवं यूनियन पदाधिकारी उपस्थित थे.
छोटी वाहन चालक संघ की बैठक में उठी न्यूनतम मजदूरी की मांग
इसीएल प्रबंधन पर त्रिपक्षीय समझौते के पालन में उदासीनता का आरोप, आंदोलन की चेतावनी
