ठाकुरगंगटी : प्रखंड मुख्यालय से करीब ढाई किमी दूर परासी चौक पर वर्ष 2000 में ग्राम स्वराज स्वर्ण जयंती योजना के तहत बनाया गया 12 कमरों का मार्केटिंग कॉम्प्लेक्स 25 साल बाद भी बंद पड़ा है. लाखों रुपये खर्च से बने भवन का उद्देश्य स्थानीय लोगों को सरकारी दर पर दुकानें आवंटित कर रोजगार उपलब्ध कराना था. पर निर्माण के बाद न दुकानों का आवंटन हुआ और न ही रखरखाव की व्यवस्था की गयी. वर्तमान में भवन की दीवारें दरक गयी हैं. छत टपक रही है. कुछ कमरों में अवैध कब्जे की भी शिकायत है. स्थानीय लोगों का कहना है कि व्यस्त परासी चौक पर कॉम्प्लेक्स शुरू होने से दर्जनों परिवारों को रोजगार मिल सकता है. बीडीओ विजय कुमार मंडल ने कहा कि मामले की जानकारी ली गयी है. कॉम्प्लेक्स को शुरू कराने के लिए जिले से रिपोर्ट मांगी गयी है. रिपोर्ट भेजने की प्रक्रिया चल रही है.
सरकारी भवन, लेकिन नहीं मिल रहा लाभ
परासी चौक पर सप्ताह में दो दिन बड़े पैमाने पर हाट बाजार लगता है. आसपास के गांवों से हजारों लोग यहां पहुंचते हैं. ऐसे व्यस्त स्थान पर मार्केटिंग कॉम्प्लेक्स के बंद रहने से स्थानीय लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है. ग्रामीणों के अनुसार, दुकानें आवंटित होने से छोटे कारोबारियों को रोजगार का अवसर मिलता और लोगों को खरीदारी के लिए बेहतर सुविधा उपलब्ध होती. ग्रामीणों ने विधायक सह मंत्री दीपिका पांडेय सिंह से पहल कर कॉम्प्लेक्स को जल्द चालू कराने की मांग की है. उनका कहना है कि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो भवन पूरी तरह जर्जर होकर ध्वस्त हो सकता है. सरकारी राशि बेकार चली जायेगी.
