धरना पर बैठेआउटसोर्सिंग कर्मी संतोष वर्मा, सुनील वर्मा, राजीव कुमार, दिवाकर सिंह ने बताया कि अक्तूबर, नवंबर व दिसंबर माह के मानदेय भुगतान नहीं किया गया है. अन्य समस्याएं भी हैं, जिनके समाधान के प्रति प्रशासन कोई ठोस पहल नहीं कर रहा है. अस्पताल की साफ-सफाई, सुरक्षा, पंजीयन समेत अन्य महत्वपूर्ण कार्यों में लगातार योगदान दे रहे हैं, इसके बावजूद समय पर वेतन नहीं मिलना और भविष्य की कोई स्पष्ट व्यवस्था नहीं होना बेहद चिंताजनक है.
परिवार का भरण-पोषण करना हो रहा मुश्किल
कई कर्मियों ने आरोप लगाया कि किसी का छह माह से मानदेय लंबित रहता है, जिससे परिवार का भरण-पोषण मुश्किल हो जाता है. कहा कि मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा. इधर, अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि उच्च अधिकारियों को कर्मियों की मांगों से अवगत करा दिया गया है. जल्द ही समाधान का प्रयास किया जा रहा है. स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से जल्द हस्तक्षेप कर धरना समाप्त कराने और स्वास्थ्य सेवाओं को सुचारू करने की मांग की है. धरना में रूपा कुमारी, पूजा कुमारी, ममता कुमारी समेत काफी संख्या में आउटसोर्सिंग कर्मी शामिल हैं.
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