डॉ रवींद्र राय राय ने कहा कि सूर्या हांसदा की मौत पुलिस कस्टडी में हुई. बाद में एनकाउंटर बताने के लिए मृत शरीर पर गोली मारी गयी. घटनास्थल पर खून के धब्बे नहीं होने से यह साफ है कि यह नृशंस हत्या थी. उन्होंने इसे राज्य के लिए दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि ऐसी घटना कभी नहीं देखी गयी. जहां पहले मौत दी जाए और फिर अपराधी साबित करने के लिए गोली चलायी जाये. इसी तरह रांची में रिम्स-टू के नाम पर नगरी क्षेत्र में आदिवासियों व किसानों की खेती योग्य जमीनों का अधिग्रहण हो रहा है. जबकि, धुर्वा व खूंटी में पर्याप्त खाली जमीन है. भाजपा इसका विरोध कर रही है और सरकार से मांग कर रही है कि उपलब्ध जमीन पर ही रिम्स-टू का निर्माण हो, जिसे एम्स के रूप में विकसित किया जाये. मौके पर बबलू मंडल, भेखलाल मंडल, पवन पांडेय, रंजीत मंडल, युधिष्ठिर मंडल, प्रहलाद सिंह, अशोक तुरी, जागेश्वर यादव, गजाधर यादव, केदार मोदी, सुरेश यादव, मनीष मंडल, अमित आनंद, चिंतामणि मंडल, सतीश मंडल, डेगलाल महतो, अरुण मोदी, डूगलाल महतो समेत काफी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता मौजूद थे.
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