इससे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र देवरी में कुछ देर के लिए हंगामा की स्थिति उत्पन्न हो गयी. मामले की सूचना पर देवरी के थाना प्रभारी सोनू कुमार साहू अस्पताल पहुंचे. बच्ची की गंभीरावस्था को देखते हुए थाना प्रभारी व गश्ती दल में शामिल अन्य पुलिस कर्मियों ने घायल बच्ची को पुलिस वाहन से जमुआ स्थित अस्पताल पहुंचाया. जमुआ में इलाज के बाद बच्ची आकांशी को गिरिडीह ले जाया गया, जहां वह इलाजरत है. इस संबंध में देवरी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ देवव्रत ने बताया कि अस्पताल के पास अपनी एंबुंलेंस नहीं है. टोल फ्री नंबर 108 से एंबुलेंस की सुविधा मिलती है.
क्या है घटना
बता दें कि शनिवार की रात में चतरो-गावां मुख्य मार्ग में देवरी थाना क्षेत्र के हरिरायडीह गांव के पास हुए सड़क दुर्घटना में बेड़ोडीह गांव के युवक किशुन सिंह उर्फ नकुल सिंह की मौत हो गयी. इस घटना में उसकी बेटी गंभीर रूप से घायल हो गयी. घटना के काफी समय बीत जाने के बाद युवक व उसकी बेटी की पहचान नहीं हो पायी थी. बच्ची की पहचान नहीं हो पाने को लेकर रात दस बजे तक बच्ची के परिजन अस्पताल नहीं पहुंचे थे. वहीं बच्ची पहचान नहीं होने व इसकी गंभीर स्थिति रहने के बाद भी रेफर किये जाने के बाद एंबुलेंस की सुविधा नहीं मिलने पर ग्रामीण आक्रोशित हो गये थे.
शव पहुंचते ही माहौल हुआ गमगीन : इधर शव का पोस्टमार्टम करवाये जाने के बाद शनिवार की दोपहर में मृतक किशुन सिंह उर्फ नकुल सिंह का शव बेड़ोडीह पहुंचा तो परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया. पंचायत प्रतिनिधि व ग्रामीणों ने परिवार को ढाढ़स बंधाया.