अभियान में 40 से अधिक पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी शामिल थे. इस दौरान जेल परिसर के महिला-पुरुष वार्डों की गहन तलाशी लेने के साथ कैदियों की जांच की गयी. इस दौरान किसी भी प्रकार का आपत्तिजनक या प्रतिबंधित सामान बरामद नहीं हुआ. इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया गया. जेल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता, कवरेज व्यवस्था का जायजा लिया गया. साथ ही संतरी ड्यूटी की तैनाती, उनकी जिम्मेदारियों और शिफ्ट व्यवस्था की भी जांच की गयी.
कर्मियों को दिये गये दिशा-निर्देश
अधिकारियों ने सुरक्षा मानकों के अनुरूप आवश्यक सुधार के निर्देश दिये. इसके अलावा कारा में उपलब्ध पेयजल व्यवस्था की स्थिति का जायजा लिया गया. मेडिकल वार्ड का भी निरीक्षण कर दवाओं की उपलब्धता, स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति और आपातकालीन प्रबंधन को ले कर्मियों को दिशा-निर्देश दिये गये. अधिकारियों ने कहा कि कैदियों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और अनुशासन से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जायेगा.
ये अधिकारी रहे शामिल
केंद्रीय कारा में छापेमारी के दौरान डीसी-एसपी के अलावा जेल सुपरिटेंडेंट हिमानी प्रिया, एसडीएम श्रीकांत यशवंत विषपुते, सदर एसडीपीओ जीतबाहन उरांव, डुमरी एसडीपीओ आबिद खान, दंडाधिकारी बिनोद कुमार सिंह, डीएसपी वन नीरज कुमार सिंह, बीडीओ गणेश रजक, सीओ जितेंद्र प्रसाद, मुफस्सिल थाना प्रभारी श्याम किशोर महतो, नगर थाना प्रभारी रतन कुमार सिंह, इंस्पेक्टर कमलेश पासवान, इंस्पेक्टर ज्ञान रंजन कुमार के अलावा अन्य कई पुलिस अधिकारी व प्रशासनिक अधिकारी और जवान मौजूद थे.
