Prabhat Khabar Impact: बोड़ो हवाई अड्डा के विस्तार में रनवे के अनुसार ही होगा जमीन का अधिग्रहण
Prabhat Khabar Impact: जिला मुख्यालय में स्थित बोड़ो हवाई अड्डा के विस्तार के लिए किये जा रहे जमीन चिह्नांकन कार्य में मनमानी की शिकायत मिलने के बाद सिविल एविएशन के प्रबंध निदेशक एपी सिन्हा गिरिडीह पहुंचे और जमीन चिह्नांकन के कार्यों की समीक्षा की.
गिरिडीह हवाई अड्डा के विस्तार के लिए 25.04 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जाना है और इसके लिए 60.75 करोड़ रुपये खर्च किये जायेंगे. हवाई अड्डा का रनवे का विस्तार किया जायेगा. इसके लिए सभी तरह की प्रशासनिक स्वीकृति दे दी गयी है. लेकिन जमीन अधिग्रहण के लिए जमीन के चिह्नांकन में मनमानी की जा रही थी. खबर के मुताबिक 17.97 एकड़ जमीन रैयती प्रकृति की है जिसके अधिग्रहण के लिए लगभग 35 करोड़ रुपये खर्च किये जायेंगे. बताया जाता है कि अमीन के मनमानी के कारण रनवे एलाइनमेंट के लिए जमीन को लगभग 200 से 225 फीट टेढ़ा चिह्नित किया गया था. इससे रनवे निर्माण में तकनीकी परेशानी आने की संभावना बन गयी थी. सूत्रों का कहना है कि जमीन अधिग्रहण के दौरान मिलने वाले मुआवजा की राशि लेने के लिए संबंधित अमीन के द्वारा मनमानी की जा रही थी. इस मामले को प्रभात खबर ने प्रमुखता से उठाया. 28 दिसंबर के अंक में इस बात का खुलासा किया गया है कि जमीन चिह्नांकन में मनमानी की जा रही है.
जमीन चिह्नांकन कार्य की हुई समीक्षा
शनिवार को झारखंड के सिविल एविएशन के प्रबंध निदेशक एपी सिन्हा गिरिडीह पहुंचे. समाहरणालय में अधिकारियों के साथ बैठक करने के बाद वे बोड़ो हवाई अड्डा पहुंचे. उनके साथ गिरिडीह के एसडीओ श्रीकांत यशवंत विस्पुते, अपर समाहर्ता विजय सिंह बिरूआ, जिला भूमि अधिग्रहण पदाधिकारी, गिरिडीह के सीओ जितेंद्र प्रसाद समेत अन्य लोग शामिल थे. श्री सिन्हा ने हवाई अड्डा के साथ-साथ रनवे का भी निरीक्षण किया और जमीन चिह्नांकन के बाबत अधिकारियों से पूछताछ की. इस दौरान अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि रनवे के अनुसार ही जमीन का चिह्नांकन करने के बाद उसका अधिग्रहण किया जाये. साथ ही श्री सिन्हा ने हवाई अड्डा के विस्तार की गति में तेजी लाने का भी निर्देश अधिकारियों को दिया. नये निर्देश के मुताबिक अब जमीन के अधिग्रहण में जहां कुछ प्लॉट को जोड़ा जायेगा, वहीं कई जमीन के प्लॉट हटाये भी जायेंगे.2018 से चल रही है विस्तार की प्रक्रिया
बता दें कि बोड़ो हवाई अड्डा के विस्तार के लिए प्रक्रिया वर्ष 2018 से शुरू की गयी है. जमीन चिह्नांकन करने के बाद नोटिस देने की तैयारी अभी चल ही रही थी कि जमीन चिह्नांकन कार्य में मनमानी की बात सामने आ गयी. जानकारी के मुताबिक इस मामले में सरकार के प्रधान सचिव वंदना दादेल ने गिरिडीह के उपायुक्त को पत्र लिखकर प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान करते हुए उन्हें या उनके द्वारा प्राधिकृत पदाधिकारी को राशि निकालने के निर्देश दिये हैं. साथ ही परियोजना के क्रियान्वयन के लिए भवन निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता को अधिकृत किया है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
