वार्ड की सड़कें कच्ची, पेयजल की भी समुचित व्यवस्था नहीं

बुनियादी सुविधाओं को लेकर वार्डवासियों ने खुलकर रखीं समस्याएं

बुनियादी सुविधाओं को लेकर वार्डवासियों ने खुलकर रखीं समस्याएं ………….. ग्राउंड रिपोर्ट वार्ड 21 ……….. आंकड़ों में वार्ड की तसवीर कुल वोटर 2034 महिला मतदाता 1000 पुरुष मतदाता 1034 बूथ की संख्या 2 ………. जितेंद्र सिंह, गढ़वा गढ़वा नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड संख्या-21 टंडवा-भगलपुर में नगर निकाय चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं. इसी बीच स्थानीय समस्याओं और विकास को लेकर शनिवार को प्रभात खबर की पहल पर वार्ड में जनपरिचर्चा कार्यक्रम आयोजित किया गया. इसमें आम नागरिक, महिलाएं, युवा और सामाजिक कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल हुए. परिचर्चा के दौरान वार्डवासियों ने खुलकर अपनी समस्याएं रखीं और बताया कि चुनाव के समय वादे तो होते हैं, लेकिन बुनियादी सुविधाओं का समाधान आज तक नहीं हो पाया है. करीब 10 हजार की आबादी वाले इस वार्ड में आठ मोहल्ले और दो मतदान केंद्र हैं. मिश्रित आबादी वाले इस क्षेत्र में सड़क, नाली, पेयजल और बिजली जैसी सुविधाएं लोगों की प्रमुख चिंता बनी हुई हैं. लोगों का कहना है कि पिछले 18 वर्षों से समस्याओं के समाधान के नाम पर सिर्फ आश्वासन ही मिल रहा है. चर्चा में लोगों ने बताया कि वार्ड के कुछ हिस्सों में विकास कार्य हुए हैं, लेकिन भागलपुर मोहल्ला आज भी सड़क और नाली से वंचित है. कच्ची सड़कों और जलजमाव के कारण लोगों को रोजमर्रा की परेशानी झेलनी पड़ रही है. कई इलाकों में पाइपलाइन नहीं होने से पेयजल की समस्या बनी हुई है. …………… वार्डवासियों की राय विकास से दूर है वार्ड की जनता : चंदन पासवान युवा मतदाता चंदन पासवान ने कहा कि उनका वार्ड विकास से कोसों दूर है. भगलपुर मोहल्ले में आज भी कच्ची सड़कें हैं. साथ ही इलाके में जलजमाव की भी समस्या है. उन्होंने कहा कि जलापूर्ति योजना के तहत पाइपलाइन सिर्फ मेन रोड में बिछायी गयी है, जबकि कई मोहल्ला इससे वंचित है. बीते वर्षों में वार्ड में हुए विकास कार्य : ओमप्रकाश गुप्ता व्यवसायी ओमप्रकाश गुप्ता ने कहा कि बीते वर्षों में सड़क और नाली निर्माण सहित कई विकास कार्य हुए हैं. जलापूर्ति के लिए पाइपलाइन भी बिछायी गयी है. उन्होंने कहा कि वे वार्ड में हुए विकास कार्यों से संतुष्ट हैं. आनेवाले समय में उन्हें उम्मीद है कि क्षेत्र में और भी विकास कार्य होंगे. न सड़क बनी और न ही नाली : प्रवीण कुमार रवि प्रवीण कुमार रवि ने कहा कि उनके मोहल्ले में न तो सड़क बनी है और न ही नाली. जलापूर्ति योजना के तहत पाइपलाइन भी अब तक नहीं बिछायी गयी है. इलाके में बिजली के पोल भी नहीं गड़े गये हैं. उन्होंने नये प्रतिनिधि से बुनियादी सुविधाओं को बहाल करने की उम्मीद जतायी है. वार्ड में पेयजल की व्यवस्था नहीं : महिपाल साहू महिपाल कुमार साहू ने कहा कि वार्ड के कुछ हिस्सों में सुविधाएं बहाल की गयी है, लेकिन कई मोहल्ले में आज भी सड़क, नाली और पेयजल की व्यवस्था नहीं है. उन्होंने कहा कि पेयजल के लिए आज भी मोहल्ले के लोगों को दूर जाना पड़ता है. इलाके की सड़कें कच्ची हैं. गिने-चुने मोहल्लों में ही हुए विकास कार्य : सचिन प्रजापति सचिन प्रजापति ने कहा कि गरीब आबादी वाले इलाकों की उपेक्षा की गयी है. न बिजली के पोल हैं, न नालियां. उन्होंने कहा कि टंडवा के न्यू एरिया में बिजली, पानी और नाली तीनों के समस्या है. सिर्फ विकास का ढंढोरा पीटा गया, लेकिन जनता विकास से पूरी तरह वंचित है. वार्ड के लोग काफी परेशान हैं. वार्ड में चहुंमुखी विकास की जरूरत : विजय सिंह विजय सिंह ने कहा कि वार्ड के समग्र विकास के लिए मजबूत इच्छाशक्ति और बुनियादी सुविधाओं को प्राथमिकता देना जरूरी है. जब तक मूल सुविधाएं मजबूत नहीं होंगी, विकास की बात बेमानी है. उम्मीद है कि नये प्रतिनिधि सजगता के साथ बिना भेदभाव वार्ड का चहुंमुखी विकास करेंगे. …………. पूर्व पार्षद ने कहा पूरी ईमानदारी से किया वार्ड का विकास : रिंकू कुमारी वार्ड संख्या-21 की पूर्व पार्षद रिंकू कुमारी ने कहा कि उन्होंने अपने कार्यकाल में वार्ड के समुचित विकास के लिए पूरी ईमानदारी और प्रतिबद्धता के साथ कार्य किया है. उन्होंने बताया कि अब तक 22 पक्की सड़क व पांच नाली का निर्माण कराया गया है. इसके साथ ही जरूरतमंद लोगों को वृद्धा, विधवा व दिव्यांग पेंशन से जोड़ा गया. साथ ही लगभग 350 लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाया गया है. उन्होंने बताया कि वार्ड में वेपर लाइट की व्यवस्था की गयी है और शहरी पेयजलापूर्ति योजना का करीब 60 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है. ………….. एक्सपर्ट बोले नदियों को अतिक्रमण मुक्त कराना प्रमुख मुद्दा होना चाहिये : एसएन पाठक निजी विद्यालय संघ पासवा के महासचिव सह टेंडर हार्ट्स विद्यालय के निदेशक एसएन पाठक ने कहा कि गढ़वा शहर के बीच से गुजरने वाली दानरो नदी, सरस्वती नदी व मथुरा बांध को अतिक्रमण मुक्त करना जनप्रतिनिधियों की प्राथमिकता होनी चाहिए. इन जल स्रोतों के दोनों किनारों पर व्यापक स्तर पर पौधरोपण कर हरित क्षेत्र विकसित किया जाना चाहिए, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ शहर की सुंदरता भी बढ़ सकती है. उन्होंने कहा कि नालियों का गंदा पानी सीधे नदी में गिरने से रोका जाना चाहिए. इसके लिए नाली के पानी को लिफ्ट कर किसी निर्धारित स्थान पर प्रवाहित करने की व्यवस्था की जानी चाहिए.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Akarsh Aniket

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >