प्रतिनिधि गढ़वा जनसहभागिता व प्रशासनिक सहयोग से संचालित आपन सरस्वतिया अभियान ने रविवार को एक महत्वपूर्ण पड़ाव पार कर लिया. गढ़वा शहर में अभियान के लगातार 14 दिन व मेराल क्षेत्र में लगातार सात दिन पूरे हो गये. दोनों स्थानों पर सरस्वतिया नदी की सफाई, डी-सिल्टिंग, अतिक्रमण मुक्ति व नदी के प्राकृतिक स्वरूप को पुनर्स्थापित करने का कार्य जारी रहा. रविवार को गढ़वा शहर में एक और मेराल में पांच जेसीबी के अलावे दो ट्रैक्टरों की सहायता से नदी की सफाई एवं डी-सिल्टिंग का कार्य किया गया. कई स्थानों पर नदी क्षेत्र में अवरोध उत्पन्न कर रही अस्थायी व स्थायी अतिक्रमित संरचनाओं को भी ध्वस्त कर हटाया गया. अभियान के दौरान नदी की वास्तविक स्थिति, अतिक्रमण एवं सफाई कार्यों की प्रगति का आकलन करने के लिए ड्रोन कैमरे की सहायता ली जा रही है. ड्रोन सर्वेक्षण के माध्यम से नदी के पूरे प्रवाह क्षेत्र का मूल्यांकन कर आगे की कार्ययोजना तैयार की जा रही है. तेनार गांव के नागेंद्र प्रजापति इस नेक कार्य के लिए अपना ड्रोन कैमरा एवं अपनी सेवाएं निशुल्क उपलब्ध कराने के लिए आगे आये हैं. अभियान में गूगल अर्थ का भी सहयोग लिया जा रहा है. गढ़वा में दीपक पाठक रहे प्रमुख सहयोगी गढ़वा में रविवार के अभियान के प्रमुख सहयोगी सहिजना निवासी दीपक कुमार पाठक रहे. उनके सहयोग से सफाई एवं डी-सिल्टिंग कार्य को गति मिली. अनुमंडल पदाधिकारी संजय कुमार ने उनके स्वैच्छिक सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास ही इस अभियान की सबसे बड़ी शक्ति हैं. उन्होंने अन्य सामाजिक कार्यकर्ताओं, व्यवसायियों एवं सक्षम नागरिकों से भी इस जनअभियान से जुड़ने की अपील की. मेराल में भी दिखने लगा अभियान का असर मेराल क्षेत्र में सरस्वतिया नदी की सफाई एवं डी-सिल्टिंग का कार्य लगातार सातवें दिन जारी रहा. बीडीओ सह अंचलाधिकारी यशवंत नायक के नेतृत्व में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों, बुद्धिजीवियों एवं ग्रामीणों के सहयोग से अभियान को आगे बढ़ाया जा रहा है. एक सप्ताह के भीतर नदी के कई हिस्सों में सफाई एवं गाद हटाने का कार्य किया जा चुका है, जिससे नदी के प्राकृतिक प्रवाह को पुनर्जीवित करने की दिशा में सकारात्मक परिणाम दिखाई देने लगे हैं. इस अभियान में पूर्व जिला परिषद सदस्य संजय भगत, विधायक प्रतिनिधि लालमोहन, मेराल पश्चिमी एवं मेराल पूर्वी के मुखिया गणों के अलावा लगभग सैकड़ों लोग जुड़ चुके हैं. एसडीएम ने गढ़वा व मेराल में किया निरीक्षण अनुमंडल पदाधिकारी संजय कुमार ने रविवार को गढ़वा एवं मेराल दोनों क्षेत्रों में भ्रमण कर अभियान की प्रगति का निरीक्षण किया. उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं स्थानीय लोगों से चर्चा कर कार्यों की समीक्षा की व अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक सुझाव दिये. इस दौरान उनके साथ सीओ यशवंत नायक भी मौजूद थे. उन्होंने कहा कि आपन सरस्वतिया अभियान अब केवल सफाई कार्यक्रम नहीं रह गया है, बल्कि यह जनसहभागिता पर आधारित एक सामाजिक आंदोलन बन चुका है. समाज और प्रशासन के संयुक्त प्रयास से बिना किसी विशेष सरकारी योजना के भी बड़े बदलाव संभव हैं. ग्रासिम इंडस्ट्री ने उपलब्ध कराया ब्लीचिंग पाउडर रेहला स्थित ग्रासिम इंडस्ट्री में सरस्वती नदी की सफाई के बाद किनारों पर छिड़काव के लिए 20 बोरी ब्लीचिंग पाउडर उपलब्ध कराया है. कंपनी के प्रतिनिधि नितेश कुमार पांडे ने कहा कि यदि अधिक मात्रा में भी ब्लीचिंग पाउडर की आवश्यकता होगी तो वे उपलब्ध कराने के लिए तैयार है. लोगों से की जुड़ने की अपील अनुमंडल पदाधिकारी ने अभियान में सहयोग देने वाले सभी सामाजिक कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों, व्यवसायियों एवं नागरिकों के प्रति आभार व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि सरस्वतिया नदी का संरक्षण केवल प्रशासन का दायित्व नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है. उन्होंने अधिक से अधिक लोगों से इस अभियान में सहभागी बनने व नदी को स्वच्छ व अतिक्रमण मुक्त रखने में सहयोग करने की अपील की.
ड्रोन और गूगल अर्थ की मदद से बनायी जा रही नदी की सफाई की कार्य योजना
ड्रोन और गूगल अर्थ की मदद से बनायी जा रही नदी की सफाई की कार्य योजना
