प्रतिनिधि, गढ़वा उपायुक्त पशुपति नाथ मिश्रा की अध्यक्षता में शनिवार को समाहरणालय सभागार में मंडल डैम व कांडी वितरणी परियोजना के अवशेष कार्यों व पुनर्वास स्थलों पर मूलभूत सुविधाओं के विकास को लेकर जिला स्तरीय समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गयी. बैठक में डूब क्षेत्र से प्रभावित एवं विस्थापित परिवारों के पुनर्वास कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गयी और संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये गये. उपायुक्त ने कहा कि पुनर्वास का कार्य केवल विस्थापित परिवारों को बसाने तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि पुनर्वास स्थलों और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों का भी समग्र विकास सुनिश्चित किया जाना चाहिए. उन्होंने रंका अंचल के मौजा विश्रामपुर व रमकंडा अंचल के मौजा बलिगढ़ में चिह्नित पुनर्वास स्थलों पर स्थल समतलीकरण, सड़क निर्माण, सिंचाई व्यवस्था, तालाब, आंगनबाड़ी केंद्र, सरना-मसना, पूजा स्थल, धुमकुड़िया भवन, स्वास्थ्य केंद्र, विद्यालय, बिजली एवं पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा करने का निर्देश दिया. बैठक में पुलिस अधीक्षक आशुतोष शेखर, दक्षिणी वन प्रमंडल के वन प्रमंडल पदाधिकारी, सिविल सर्जन डॉ जान एफ केनेडी, पलामू टाइगर रिजर्व के उप निदेशक, जल संसाधन विभाग एवं रूपांकन प्रमंडल मेदिनीनगर के कार्यपालक अभियंता आदि उपस्थित थे. डीसी ने तय की डेडलाइन 10 जून 2026 तक अपर समाहर्ता परियोजना से जुड़े सभी लंबित सर्वेक्षण कार्यों को शत-प्रतिशत व त्रुटिरहित तरीके से पूर्ण करें तीन दिनों के भीतर अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) लंबित प्रस्तावों को अंतिम रूप देकर उपायुक्त कार्यालय को उपलब्ध करायें चार दिनों के अंदर संबंधित विभाग लंबित योजनाओं का विस्तृत बजट प्राक्कलन जमा करेंगे सोन कनहर सिंचाई परियोजना के शेष कार्य को जल्द पूरा करें बैठक में सोन-कनहर सिंचाई परियोजना की भी समीक्षा की गई. उपायुक्त ने संबंधित कार्यान्वयन एजेंसी को निर्देश दिया कि किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए परियोजना के शेष कार्यों को अविलंब पूरा किया जाए, ताकि क्षेत्र के किसानों को इसका लाभ मिल सके.
मंडल डैम के विस्थापितों के पुनर्वास कार्य में तेजी लायें
मंडल डैम के विस्थापितों के पुनर्वास कार्य में तेजी लायें
