गोमाता को मिले राष्ट्रमाता का दर्जा

हस्ताक्षर अभियान के तहत प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति, मुख्यमंत्री और राज्यपाल को भेजा गया पत्र

हस्ताक्षर अभियान के तहत प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति, मुख्यमंत्री और राज्यपाल को भेजा गया पत्र प्रतिनिधि, गढ़वा गढ़वा जिले से गोमाता को राष्ट्रीय सम्मान देकर राष्ट्रमाता के रूप में दर्जा दिलाने के लिए प्रार्थना पत्र भेजा गया. यह कदम देशभर के सभी तहसीलों से एकसाथ उठाया गया. अभियान के तहत पिछले एक महीने से जिले के सभी प्रखंडों में हस्ताक्षर अभियान चला. सोमवार को जिला मुख्यालय गढ़वा के अलावा रंका, श्री वंशीधर नगर, मझिआंव, बरडीहा, कांडी और भवनाथपुर के गोभक्तों ने प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं अनुमंडल पदाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति, झारखंड के मुख्यमंत्री और राज्यपाल को सामूहिक रूप से प्रार्थना पत्र भेजा. पत्र में कहा गया कि भारतीय गोवंशों की वर्तमान स्थिति पीड़ादायक है. उनकी तस्करी और वध बड़े पैमाने पर हो रहा है और सड़कों पर भी उनकी दुर्दशा दिखायी देती है. इसलिए पूरे देश में गोमाता की सेवा, सुरक्षा और राष्ट्रीय सम्मान आवश्यक है. पत्र में इसके लिए केंद्रीय कानून बनाने और गोपालन मंत्रालय स्थापित करने की मांग भी की गयी. विहिप के जिला मंत्री ने बताया कि यह अभियान का पहला चरण है. यदि सरकार मांगों पर पहल नहीं करती, तो अगले चरण में जिलास्तर पर और प्रार्थना पत्र भेजे जायेंगे. इस अवसर पर गायत्री परिवार के जिला समन्वयक विनोद पाठक, गढ़वा नगर परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष अनिल पांडेय, श्रीकृष्ण गौशाला के प्रवीण जायसवाल, विहिप के करण चंद्रवंशी, शुभम चौबे, अभिषेक भारद्वाज, नितिश सिंह, जयप्रकाश कुमार, रंजन कुमार सहित कई लोग उपस्थित थे. इसी तरह से रंका से श्रीकृष्ण गोशाला के सचिव श्याम सुंदर प्रसाद, श्री बंशीधर नगर से गायत्री परिवार के अजीत चौबे, मझिआंव से नागेंद्र सिंह, बरडीहा से डॉ राम नरेश प्रसाद, कांडी से विजय सोनी आदि के नेतृत्व में प्रखंड विकास पदाधिकारी के माध्यम से मांग पत्र भेजा गया.

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By Akarsh aniket

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