स्वच्छ भारत मिशन के दो जिला समन्वयकों को हटाने की तैयारी
गढ़वा : गढ़वा जिले में स्वच्छ भारत अभियान तुगलकी फरमान की तर्ज पर संचालित किया जा रहा है़ 31 मई को गढ़वा जिले को खुले में शौच मुक्त घोषित करने के लक्ष्य के बीच दो जिला समन्वयकों को हटाने की तैयारी कर ली गयी है़ नये जिला समन्वयकों की बहाली के लिए जिला प्रशासन की ओर से अखबारों में विज्ञापन प्रकाशित की गयी है़ इधर स्वच्छ भारत अभियान के तहत शौचालय निर्माण के लक्ष्य को पूरा करने के लिए जिला प्रशासन जहां मिशन मोड में है, उस अनुरूप ग्रामीणों की दिलचस्पी इसमें नहीं देखी जा रही है़ पूरे गढ़वा जिले को खुले में शौच मुक्त करने के लिए 30 मई तक का समय निर्धारित किया गया है़
यद्यपि अभी गढ़वा जिले में करीब 45172 शौचालय का निर्माण करना शेष है़ लेकिन जिला प्रशासन 30 मई के लक्ष्य को लेकर ही प्रखंडों में शौचालय का निर्माण कार्य करा रही है़ भीषण गरमी व जल संकट का असर शौचालय निर्माण कार्य पर बुरी तरह से पड़ रहा है़ ऐसे में मई महीने में गढ़वा जिले को ओडीएफ करना संभव नहीं लग रहा है़ एसबीएम में अभी तीन जिला समन्वयक कार्यरत है़ं इनमें से दो जिला समन्वयकों के पदों के लिए जिला प्रशासन की ओर से विज्ञापन प्रकाशित किया गया है़ गढ़वा जिले को ओडीएफ करने के लिए प्रशासन किस तरह से जल्दीबाजी में है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि जिला समन्वयक, कंप्यूटर ऑपरेटर व परामर्शी पदों के लिए विज्ञापन प्रकाशित होने के छह-सात दिनों के अंदर बहाली की प्रक्रिया पूरी कर लेने की तिथि निर्धारित की गयी है़
सात प्रखंडों को ओडीएफ करने में लगे चार साल
जिला प्रशासन वर्तमान समय में भले गढ़वा जिले को ओडीएफ करने के प्रति जल्दीबाजी में है़ लेकिन गढ़वा जिले के सात प्रखंडों को ओडीएफ करने में चार साल लग गये है़ं अभी 13 प्रखंडों को ओडीएफ करना शेष है़ गढ़वा जिले में दो अक्तूबर 2014 से स्वच्छ भारत अभियान के तहत शौचालय निर्माण कार्य शुरू किया गया है़ जिले में 1.54 लाख शौचालय का निर्माण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था़ इसमें से 1.08 लाख शौचालय का निर्माण कार्य इस चार सालों में कर लेने का दावा किया जा रहा है़ जो प्रखंड ओडीएफ हुए हैं, उसमें मेराल में 16851, डंडा में 3805, केतार में 8053, विशुनपुरा में 4585, धुरकी में 7443, बरडीहा में 5536 तथा सगमा में 6011 शौचालय का निर्माण किया गया है़ जबकि बड़गड़ प्रखंड में 3447, भंडरिया प्रखंड में 4898, भवनाथपुर में 7512, चिनियां में 4564, डंडई में 7060, गढ़वा में 14871, कांडी में 11997, खरौंधी में 7402, मझिआंव में 5609, नगरउंटारी में 8996, रमकंडा में 4961, रमना में 8171 तथा रंका में 12318 शौचालय निर्माण करने का लक्ष्य निर्धारित है़
मुखिया शिथिल, जल सहिया को भी दी गयी चेतावनी
जिला प्रशासन की ओर से 30 मई तक जिला को खुले में शौच मुक्त करने का लक्ष्य निर्धारित करने के बीच सभी समन्वयकों, मुखिया व जल सहिया को चेतावनी दी गयी है कि यदि इस मामले में उनकी सक्रियता नहीं देखी गयी, तो उनके ऊपर कार्रवाई की जायेगी़ मुखिया का वित्तीय पावर जब्त करने की चेतावनी दी गयी है़ शौचालय निर्माण कार्य को समय पर पूरा कराने के लिए उपायुक्त डॉ नेहा अरोड़ा की ओर से सप्ताह में दो-दो बार समीक्षा बैठक की जा रही है़
