रानीश्वर: आसनबनी पाल पाड़ा की सड़क पर जलजमाव ने ग्रामीणों की परेशानी बढ़ा दी है. भारी बारिश होते ही सड़क पर पानी जमा हो जाता है और जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण ग्रामीणों को पानी के बीच से होकर आवागमन करना पड़ता है.
बारिश के दिनों में यह सड़क लोगों के लिए परेशानी का सबब बन जाती है. सड़क पर जमा पानी कई घंटे तक नहीं निकलने से ग्रामीणों के साथ स्कूली बच्चों को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है.
पीसीसी सड़क बनने के बाद बदली पानी निकासी की स्थिति
ग्रामीणों के अनुसार पाल पाड़ा में काफी पहले सड़क पर पीसीसी ढलाई कराई गई थी. इसके बाद सड़क के किनारे लोगों ने मकान बना लिए. बारिश का पानी घरों में नहीं घुसे, इसके लिए अधिकांश लोगों ने अपने-अपने घरों के सामने पत्थर डस्ट डालकर जमीन को सड़क से ऊंचा कर लिया.
इससे सड़क के किनारे से बारिश के पानी की निकासी का रास्ता और संकरा हो गया. अब बारिश होने पर पानी सड़क के बीच में ही जमा रहने लगा है.
पीएचसी के पास भी बंद हो गया पानी निकासी का रास्ता
ग्रामीणों के मुताबिक पहले पाल पाड़ा सड़क से बारिश का पानी पीएचसी की ओर से होते हुए आसपास की जमीन से होकर निकल जाता था. लेकिन पीएचसी के समीप जमीन के मालिकों की ओर से चाहरदीवारी का निर्माण करा दिए जाने के बाद पानी के निकासी का यह रास्ता भी बंद हो गया.
नतीजा यह है कि बारिश का पानी अब सड़क पर ही जमा हो रहा है और लोगों को उसी पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है.
नाली के लिए भी पर्याप्त जगह नहीं
जलजमाव की समस्या का एक बड़ा कारण सड़क किनारे नाली का अभाव भी है. ग्रामीणों का कहना है कि सड़क के दोनों ओर अब पर्याप्त जगह उपलब्ध नहीं है, जिसके कारण नाली का निर्माण कराना भी चुनौती बन गया है.
बारिश के दौरान सड़क पर जमा पानी से पैदल चलने वालों के अलावा दोपहिया वाहन चालकों को भी परेशानी होती है.
स्कूली बच्चों की बढ़ी परेशानी
आसनबनी दुर्गा मंदिर के पास से शुरू होकर यह सड़क पाल पाड़ा, आसनबनी कृषि फार्म होते हुए हाईस्कूल की ओर जाती है. इसी रास्ते पर एक निजी स्कूल भी संचालित है.
जलजमाव के कारण स्कूल आने-जाने वाले बच्चों को सबसे अधिक परेशानी होती है. बरसात में बच्चों को पानी के बीच से होकर स्कूल जाने और वापस लौटने की मजबूरी रहती है.
सड़क को ऊंचा कर पीसीसी ढलाई की मांग
पाल पाड़ा के ग्रामीणों ने जलजमाव की समस्या से स्थायी निजात दिलाने की मांग की है. ग्रामीणों का कहना है कि संबंधित विभाग को सड़क का स्तर ऊंचा कराकर दोबारा पीसीसी ढलाई करानी चाहिए.
ग्रामीणों के मुताबिक सड़क को ऊंचा करने से बारिश का पानी सड़क पर जमा होने की समस्या काफी हद तक दूर हो सकती है और लोगों को बरसात के दिनों में होने वाली परेशानी से राहत मिलेगी.
