दुमका में महाधरना पर बैठे झाविमो सुप्रीमो बाबूलाल व अन्य, प्रदीप ने कहा
दुमका : एसपीटी-सीएनटी में संशोधन को निरस्त करने व खतियानी रैयतों को ही झारखंड का स्थानीयता नीति घोषित करने जैसे राज्यव्यापी जनमुद्दों को लेकर झारखंड विकास मोरचा सुप्रीमो सह पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी उपराजधानी दुमका के गांधी मैदान में दो दिवसीय महाधरना पर बैठ गये हैं.
उनके अलावा पार्टी के प्रधान महासचिव प्रदीप यादव, पूर्व विधायक देवेंद्र कुंवर सहित जेवीएम-जेडीयू के सैकड़ों कार्यकर्ता इस महाधरना में शामिल हैं. पहले दिन महाधरना में मौजूद कार्यकर्ताओं-समर्थकों की भीड़ को संबोधित करते हुए प्रदीप यादव ने रघुवर सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि भाजपा पुंजीपतियों-उद्योगपतियों की दलाल बनकर रह गयी है. सरकार झूठी दलील दे रही है कि उसने एसपीटी-सीएनटी का सरलीकरण किया है. एक्ट में सरलीकरण नहीं बल्कि इसकी मूलभावना से ही छेड़छाड़ हुआ है.
घोषित स्थानीयता नीति…
ये दोनों ही कानून इस राज्य में रहने वाले आदिवासियों-मूलवासियों के लिए रक्षा कवच है, लेकिन उसे सरकार ने गलत तरीके से संशोधित करने का प्रयास किया है. प्रदीप ने कहा : जिस तरीके से इन कानूनों में संशोधन किया गया है, उससे कृषि योग्य जमीन भी सरकार उद्योगपतियों को दे सकेगी.
रघुवर सरकार आज इस एक्ट में संशोधन से विकास की बात कहती है. पर एसपीटी एक्ट के अनुच्छेद 4 में पहले से ही यह प्रावधान है कि अभ्यावेदन मिलने पर सरकार को भूमि अधिग्रहण किया जाना अगर हितकारी लगेगा, तो वह उचित कीमत पर भूमि का अधिग्रहण कर सकती है. श्री यादव ने कहा कि एसपीटी एक्ट में संशोधन कतई बरदाश्त नहीं किया जायेगा. सरकार को इस संशोधन को निरस्त करना ही होगा.
… तो छत्तीसगढ़ का मुखिया बनकर दिखायें रघुवर
श्री यादव ने घोषित की गयी स्थानीयता नीति भी निरस्त करने की मांग की. कहा कि मूलवासी व खतियानी रैयतों को झारखंड का स्थानीय घोषित किया जाना चाहिए. बिहार के जमाने में जो कानून लागू था, वही लागू होना चाहिए. जो रैयती है, वही झारखंडी हैं. श्री यादव ने कहा कि जो यहां रह रहें हैं, जेवीएम उन्हें भगाने की बात नहीं करती है लेकिन झारखंडी उन्हें घोषित करने की पक्षधर नहीं है. उन्होंने कहा कि इस राज्य की जनता ने रघुवर दास पर कृपा की है. हिम्मत उनमें है,
तो वे छत्तीसगढ़ से मुखिया का चुनाव ही लड़कर दिखा दें. श्री यादव ने कहा कि सारी नौकरी आज रेवड़ी की तरह बांटी जा रही है. बिहार में कठोर कानून है. यहां गमछा बिछा दिया गया है. ऐसे में चौकीदार की बहाली होगी, तो रानीबहाल जैसे गांव में चौकीदार भी यूपी का कोई डेढ़ फीट का मूंछ वाला जवान होगा. उन्होंने कहा कि झारखंडी को ही झारखंड की नौकरियों का लाभ मिले. दारोगा, चपरासी और और पदाधिकारी की नौकरी 20 वर्ष तक झारखंडियों के लिए आरक्षित होनी चाहिए.
दुमका में झाविमो का दो दिवसीय महाधरना शुरू
इन मुद्दों पर आयोजित है महाधरना
राज्य में पिछड़ों को मिले 27 % आरक्षण, भूमि अधिग्रहण कानून-2013 का सख्ती से हो पालन, 20 साल तक झारखंडियों के लिए सभी नौकरी हो आरक्षित, जैक से संबद्धता प्राप्त मदरसों की डिग्री को मिले मान्यता, त्रिस्तरीय पंचायत प्रतिनिधियों को पूर्ण अधिकार एवं सुविधाएं मिले, झारखंड में पूर्ण शराबबंदी के लिए कठोर कानून बने, उपराजधानी दुमका में जल्द हो हाइकोर्ट बेंच का गठन
मिन्हाज व बालेश्वर प्रकरण में हो दोषी पुलिस पर प्राथमिकी
जेवीएम नेता प्रदीप यादव ने जामताड़ा प्रखंड के मिन्हाज अंसारी प्रकरण और जरमुंडी के बालेश्वर महतो पिटाई प्रकरण के मामaले में दोषी पुलिसकर्मी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की मांग रखी. उन्होंने कहा कि मिन्हाज दोषी था, तो उसे कानून सजा देती, लेकिन पुलिस ने हवालात में उसकी जान ले ली. उन्होंने इस मामले में हत्या का मामला दर्ज करने तथा लाइन होटल मालिक बालेश्वर महतो की पिटाई में दोषी एएसआइ पर प्राथमिकी दर्ज होने तक चुप न बैठने की बात कही.
मिन्हाज मामले में जामताड़ा में धरना : पेज 3
आज बिहार के सीएम नीतीश कुमार करेंगे जनसभा को संबोधित
बुधवार को दूसरे दिन जेवीएम का यह महाधरना गांधी मैदान में ही जनसभा में परिणत हो जायेगा, जिसे मुख्य वक्ता के रूप में बिहार के सीएम सह जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार संबोधित करेंगे.
जेवीएम सुप्रीमो बाबूलाल मरांडी, उपाध्यक्ष डॉ सबा अहमद, पूर्व मंत्री बंधु तिर्की, जदयू के प्रदेश अध्यक्ष जलेश्वर महतो, राजद के प्रदेश अध्यक्ष गौतम सागर राणा तथा पूर्व मंत्री अन्नपूर्णा देवी भी जनसभा को संबोधित करेंगीं. नीतीश कुमार दोपहर को देवघर से दुमका पहुंचेंगे.
