दुमका : झारखंड आदिम जनजाति शिक्षित संघ के प्रमंडलीय अध्यक्ष दामोदर गृही के नेतृत्व में संघ के एक प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष डॉ रामेश्वर उरांव से दुमका परिसदन में मुलाकात की तथा उन्हें दुमका जिले के पहाड़िया आदिम जनजाति की विभिन्न समस्याओं से अवगत कराते हुए नौ सूत्री ज्ञापन सौंपा.
इनमें पहाड़ियाओं को अनुसूचित जनजाति के बदले आदिम जनजाति का प्रमाण पत्र प्रदान कराने, स्नातक व इंटरमीडिएट उत्तीर्ण को तृतीय वर्ग तथा मैट्रिक पास युवक-युवतियों को चतुर्थवर्गीय पदों पर सीधी नियुक्ति की व्यवस्था को पूर्व की भांति बरकरार रखने, कल्याण विभाग के अंतर्गत पहाड़िया बाहुल्य जिलों में रिक्त पड़े पदों पर पहाड़िया कल्याण पर्यवेक्षक की बहाली करने, विशेष पहाड़िया कल्याण स्वास्थ्य उपकेंद्रों में चिकित्सक व दवा की कमी दूर कराने,
तकनीकी व प्रतिष्ठित शैक्ष्षणिक संस्थानों में अजजा कोटे से 25 प्रतिशत सीट केवल आदिम जनजातियों के लिए सुरक्षित किये जाने, स्नातकोत्तर स्तर तक आवसीय पठन-पाठन की व्यवस्था सुनिश्चित कराने, दुमका व साहिबगंज में पूर्व की तरह विशिष्ट पहाड़िया का कार्यालय पुन: संचालित कराने तथा पहाड़िया राजा के धरोहर यथा गांदो के संकरा इस्टेट, साहिबगंज का तेलियागढ़ी व लिट्टीपाड़ा के कंचनगढ़ का संरक्षण कराने की मांग की. प्रतिनिधिमंडल में वसंत सिंह पहाड़िया, नवल किशोर सिंह एवं मनोज सिंह पहाड़िया भी शामिल थे.
25 प्रतिशत सीट आदिम जनजातियों के लिए सुरक्षित करने की मांग
