रांची. डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा खोरठा विभाग में एमए अंतिम वर्ष (सत्र 2024-26) के विद्यार्थियों ने विभागीय हॉल में शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया. कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने शिक्षकों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करते हुए गुरु-शिष्य परंपरा की गरिमा को प्रस्तुत किया.
समारोह को संबोधित करते हुए विभागाध्यक्ष एवं समन्वयक डॉ विनोद कुमार ने विद्यार्थियों को अनुशासन, लगन और अध्ययनशीलता के महत्व से अवगत कराया. उन्होंने कहा कि विद्यार्थी के जीवन में गुरु की भूमिका महत्वपूर्ण होती है. गुरु केवल शिक्षा प्रदान करने तक सीमित नहीं रहते, बल्कि विद्यार्थियों को सही दिशा दिखाने के साथ उनके व्यक्तित्व और भविष्य के निर्माण में भी योगदान देते हैं.
कार्यक्रम में प्रोफेसर सुशीला कुमारी, डॉ निताय चंद महतो, डॉ सीता कुमारी सहित विभाग के अन्य शिक्षक और एमए अंतिम वर्ष के विद्यार्थी उपस्थित रहे. इनमें अंकित कुमार, धनीलाल, मोतीलाल और अंजू कुमारी समेत अन्य छात्र-छात्राएं शामिल थे. विद्यार्थियों ने इस अवसर पर गुरु वंदना प्रस्तुत की और शिक्षकों से आशीर्वाद लिया.
समारोह के दौरान गुरु-शिष्य के बीच सम्मान, स्नेह और आत्मीयता का भाव देखने को मिला. कार्यक्रम श्रद्धा और उत्साह के माहौल में संपन्न हुआ.
