Dhanbad News: इस वर्ष दुर्गा पूजा के आयोजन में पूजा समितियों को प्रोत्साहित करने लिए विशेष योजना बनायी गयी है. उपायुक्त आदित्य रंजन की पहल से शुरू हो रही इस योजना के तहत पूजा समितियों को स्वच्छता, सुरक्षा व्यवस्था, संसाधन एवं सुगमता के आधार पर अंक दिये जायेंगे. सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाली पूजा समिति को एक लाख रुपये का पुरस्कार मिलेगा. वहीं द्वितीय स्थान पर रहने वाली समिति को 50 हजार व तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली समिति को 20 हजार, चौथे व पांचवें स्थान पर आने वाली समितियों को 15 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जायेगा. उपायुक्त श्री रंजन ने बताया कि इस योजना का उद्देश्य पूजा के आयोजन के दौरान स्वच्छता, सुरक्षा और सुगमता को बढ़ावा देना है, ताकि समाज में सकारात्मक बदलाव आये. उन्होंने पूजा समितियों से अनुरोध किया कि वे पूजा के आयोजन में सभी निर्धारित मानकों का पालन करें. साथ ही इस पुरस्कार योजना का भरपूर लाभ उठायें.
स्वच्छता के लिए निर्धारित हैं 30 अंक :
स्वच्छता की श्रेणी में पूजा समितियों को पंडाल परिसर और आसपास के क्षेत्र की सफाई, गीला और सूखा कचरा के लिए निर्धारित डस्टबिन की व्यवस्था, समय पर कचरा उठाव, स्वचालित शौचालय/हैंडवॉश की सुविधा, महिला-पुरुष के लिए अलग-अलग शौचालय की व्यवस्था तथा विसर्जन स्थल के लिए अंक मिलेंगे. इस श्रेणी के तहत अधिकतम 30 अंक दिये जायेंगे.सुरक्षा व्यवस्था के लिए 40 अंक :
सुरक्षा व्यवस्था की जांच में फायर सेफ्टी की उपलब्धता, सुरक्षा गार्ड/स्वयंसेवकों की तैनाती, आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता (जैसे एंबुलेंस, पुलिस संपर्क), पूजा पंडाल और मेला स्थल की निगरानी के लिए सीसीटीवी/ड्रोन कैमरे की व्यवस्था, महिला-पुरुष के लिए अलग-अलग प्रवेश द्वार, हेल्प डेस्क, फर्स्ट एड किट और असामाजिक तत्वों से निपटने के लिए स्टेज व्यवस्था की निगरानी की जायेगी. इस श्रेणी में 40 अंक निर्धारित हैं.संसाधन व सुगमता के लिए 30 अंक :
इस श्रेणी में दिव्यांगजन व वरिष्ठ नागरिकों के लिए रैंप, सुरक्षित विद्युत व्यवस्था, पीने के पानी की व्यवस्था, बैठने और आराम करने की सुविधाएं, वाहन पार्किंग, रोड मैप साइन बोर्ड और ‘क्या करना है और क्या नहीं करना है’ से संबंधित साइन बोर्ड की व्यवस्था की जायेगी. इस श्रेणी में भी अधिकतम 30 अंक मिलेंगे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
