Dhanbad News: एसएनएमएमसीएच में शुरू होगी मेमोग्राफी, लगेंगी अत्याधुनिक मशीनें
पहली बार जिले के किसी सरकारी अस्पताल में मेमोग्राफी जांच सेवा शुरू करने की तैयारी
शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (एसएनएमएमसीएच) में आने वाले कुछ माह में मरीजों को मेमोग्राफिक जांच की भी सुविधा मिलने लगेगी. यह पहली बार होगा जब धनबाद जिले के किसी सरकारी अस्पताल में यह सेवा शुरू की जायेगी. स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग ने अस्पताल प्रबंधन से मेमोग्राफी समेत अन्य अत्याधुनिक जांच सेवाएं शुरू करने के लिए आवश्यक मशीनों की सूची मांगी थी. जिसे अस्पताल के अधीक्षक डॉ डीके गिंदौरिया ने उपलब्ध करा दिया है. सूची में मेमोग्राफी मशीन के साथ सीटी स्कैन, एमआरआइ, डिजिटल रेडियोग्राफी (डीआर) और एसआर मशीन भी शामिल हैं. सूत्रों के अनुसार तीन-चार माह में इन मशीनों की आपूर्ति होने की उम्मीद है.
स्तन कैंसर की जांच होगी आसान
स्तन कैंसर की शुरुआती जांच के लिए मेमोग्राफी सबसे प्रभावी तकनीक मानी जाती है. अब तक जिले की मरीजों को मेमोग्राफिक जांच के लिए निजी जांच केंद्रों या रांची जैसे बड़े शहरों में जाना पड़ता था. जहां जांच महंगी होने के साथ समय भी बर्बाद होता था. सएनएमएमसीएच में यह सेवा शुरू होने से ऐसे मरीजों को समय पर जांच की सुविधा मिल सकेगी.शुरुआती चरण में स्तन कैंसर का पता चले तो सफल इलाज की संभावना अधिक
एसएनएमएमसीएच के ऑन्कोलॉजी विभाग के डॉ संदीप कपूर वर्मा के अनुसार शुरुआती चरण में स्तन कैंसर का पता चल जाये तो इलाज की सफलता की संभावना बढ़ जाती है. मेमोग्राफी के जरिए बहुत छोटे ट्यूमर व गांठ का भी पता लगाया जा सकता है. जो सामान्य जांच में सामने नहीं आते.सीटी स्कैन व एमआरआइ से बढ़ेगी डायग्नोस्टिक क्षमता
मेमोग्राफी के साथ-साथ सीटी स्कैन और एमआरआइ मशीन की उपलब्धता से अस्पताल की डायग्नोस्टिक क्षमता में बड़ा इजाफा होगा. दुर्घटना, स्ट्रोक, ब्रेन इंजरी, हड्डी, रीढ़ और आंतरिक अंगों से जुड़ी गंभीर बीमारियों की सटीक जांच अब यहीं संभव हो सकेगी. इससे मरीजों के इलाज में देरी भी नहीं होगी.डीआर से सटीकता के साथ कम रेडिएशन में होगा एक्स-रे
डीआर व एसआर मशीनों से एक्स-रे जांच अधिक तेज, सटीक व कम रेडिएशन में हो सकेगी. रिपोर्ट भी जल्दी मिलेगी. ऐसे में डॉक्टर तत्काल इलाज शुरू कर सकेंगे.आर्थिक राहत के साथ भरोसेमंद इलाज उपलब्ध कराना उद्देश्य : अधीक्षक
अधीक्षक डॉ डीके गिंदौरिया ने कहा कि एसएनएमएमसीएच में अत्याधुनिक जांच सुविधाएं मिलने से मरीजों को आर्थिक रूप से बड़ी राहत मिलेगी. मशीनों की उपलब्धता से मेडिकल छात्रों और रेजिडेंट डॉक्टरों को भी प्रशिक्षण का बेहतर अवसर मिलेगा. वे आधुनिक तकनीक से जुड़ी जांच व रिपोर्टिंग की व्यावहारिक जानकारी हासिल कर सकेंगे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
