फुलारीटांड, धनबाद : बीसीसीएल के गोविंदपुर क्षेत्र संख्या तीन की महेशपुर कोलियरी में गुरुवार की रात बड़ा हादसा टल गया. करीब दो बजे जर्जर पंखा घर की छत का एक हिस्सा अचानक गिर गया. मलबा वेंटिलेशन फैन के बेल्ट पर गिरने से पंखा बंद हो गया. इससे खदान के अंदर हवा का प्रवाह बाधित हो गया और करीब 11 घंटे तक उत्पादन ठप रहा. घटना के समय पंखा घर में तैनात पंखा चालक समेत दो कर्मी बाल-बाल बच गये.
छत गिरने की तेज आवाज से आसपास मौजूद कर्मियों और स्थानीय लोगों में अफरा-तफरी मच गयी. पंखा बंद होने के बाद खदान के अंदर गर्मी बढ़ने लगी.
सुरक्षा के लिए रात में ही मजदूरों को निकाला
पंखा बंद होने की सूचना मिलते ही कोलियरी प्रबंधन ने सुरक्षा के मद्देनजर तृतीय पाली में खदान के अंदर कार्यरत मजदूरों को रात में ही बाहर निकाल लिया. प्रथम पाली के मजदूरों को भी खदान के अंदर नहीं भेजा गया. इस दौरान खदान में उत्पादन पूरी तरह बंद रहा.
11 घंटे की मशक्कत के बाद चालू हुआ पंखा
प्रबंधन और मजदूरों की टीम ने वेंटिलेशन फैन के बेल्ट पर गिरे मलबे को हटाने का काम शुरू किया. करीब 11 घंटे की मशक्कत के बाद दोपहर लगभग एक बजे वेंटिलेशन फैन को चालू किया जा सका. इसके बाद खदान के अंदर हवा का प्रवाह सामान्य हुआ. प्रबंधन के निर्देश पर मजदूरों को दोबारा खदान के अंदर भेजा गया और उत्पादन शुरू कराया गया.
जर्जर पंखा घर को लेकर उठे सुरक्षा सवाल
बताया जाता है कि महेशपुर कोलियरी का पंखा घर लंबे समय से जर्जर अवस्था में था. इसके बावजूद इसी भवन से खदान का वेंटिलेशन सिस्टम संचालित किया जा रहा था. छत का हिस्सा गिरने की घटना के बाद पंखा घर की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं.
फिलहाल पंखा घर में एस्बेस्टस शीट लगाने और बाहरी हिस्से की घेराबंदी का काम कराया जा रहा है.
नये स्थान पर पंखा घर बनाने का प्रस्ताव
कोलियरी के पीओ कामता सिंह ने बताया कि घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है. सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए आवश्यक कार्य कराया जा रहा है. पंखा चालू होने के बाद मजदूरों को खदान के अंदर भेजा गया और उत्पादन शुरू कराया गया.
उन्होंने बताया कि पंखा घर और पावर हाउस को दूसरे स्थान पर स्थानांतरित कर नये सिरे से निर्माण कराने के लिए पूर्व में ही मुख्यालय को प्रस्ताव भेजा जा चुका है.
