डिजिटल जनगणना- मोबाइल ऐप से होगी मकानों की गिनती, फील्ड ट्रेनरों का तीन दिवसीय प्रशिक्षण जारी

फील्ड प्रशिक्षकों के लिए आयोजित तीन दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का दूसरा दिन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ.

मधेपुरा भारत की आगामी जनगणना 2027 को लेकर प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं. मंगलवार को स्थानीय डीआरडीए परिसर स्थित झल्लू बाबू सभागार में फील्ड प्रशिक्षकों के लिए आयोजित तीन दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का दूसरा दिन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ. इस बार की जनगणना पूरी तरह ””डिजिटल मोड”” में होगी, जो पारदर्शिता और सटीकता सुनिश्चित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है. – 33 तकनीकी जिज्ञासाओं का हुआ समाधान – प्रशिक्षण के दूसरे दिन प्रशिक्षकों ने फील्ड में आने वाली व्यावहारिक कठिनाइयों पर चर्चा की. इस दौरान प्रशिक्षणार्थियों द्वारा पूछे गए कुल 33 प्रश्नों का विशेषज्ञों द्वारा विस्तार से और संतोषजनक समाधान किया गया. मुख्य रूप से स्व-गणना और मोबाइल ऐप की कार्यप्रणाली पर गहन जानकारी साझा की गई. – महत्वपूर्ण तिथियां : कब क्या होगा – प्रशिक्षण में बताया गया कि जनगणना का कार्य दो चरणों में पूरा किया जाएगा. 17 अप्रैल से 01 मई 2026 तक नागरिक स्वयं अपनी जानकारी ””स्व-गणना”” पोर्टल के माध्यम से दर्ज कर सकेंगे. 02 मई से 31 मई तक प्रगणक घर-घर जाकर मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का कार्य संपन्न करेंगे. – एक प्रगणक, एक मोबाइल का नियम – जिला सांख्यिकी पदाधिकारी शिवनारायण राउत ने प्रशिक्षण को संबोधित करते हुए गोपनीयता पर विशेष जोर दिया. उन्होंने निर्देश दिया कि प्रत्येक प्रगणक को पूरे कार्य के दौरान एक ही मोबाइल हैंडसेट का उपयोग करना होगा. विशेष परिस्थितियों में मोबाइल बदलने के लिए पटना जनगणना निदेशालय से औपचारिक अनुमति लेनी अनिवार्य होगी. सत्र का संचालन संयुक्त रूप से पटना जनगणना निदेशालय के समन्वयक सुनील कुमार, डीआरडीए निदेशक अमित कुमार पांडे, जिला सूचना एवं विज्ञान पदाधिकारी चंदन कुमार और जिला सांख्यिकी पदाधिकारी शिवनारायण राउत द्वारा किया गया. मौके पर जिले के सभी संबंधित फील्ड प्रशिक्षक उपस्थित थे, जिन्होंने इस डिजिटल पहल को समय की मांग बताया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Kumar Ashish

Kumar Ashish is a contributor at Prabhat Khabar.

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >