सिंफर डिगवाडीह में दो दिवसीय कार्यशाला का समापन
जोड़ापोखर.
सिंफर डिगवाडीह के आदित्यनाथ लहरी सभागार में गुरुवार को सीएसआइआर-सीआइएमएफआर द्वारा आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला का समापन हो गया. मुख्य अतिथि बीसीसीएल के तकनीकी निदेशक संजय सिंह ने कहा कि भूमिगत खदान में गैसिफिकेशन पायलट प्रोजेक्ट का आरंभ किया गया है. यह प्रोजेक्ट जमीन पर उतारने के बाद झारखंड में रोजगार के अवसर के अलावा प्रदूषण रहित ऊर्जा का संचार होगा. संस्थान के निदेशक डॉ अरविंद कुमार मिश्रा ने 2070 तक शून्य उत्सर्जन प्राप्त करने के दृष्टिकोण पर प्रकाश डाला.पायलट प्रोजेक्ट आत्मनिर्भर बनाने में करेगा सहयोग : वरिष्ठ वैज्ञानिक
वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रकाश डी चव्हाण ने कहा कि 1970 में सिंदरी सहित कई जगहों में गैसिफिकेशन पायलट प्रोजेक्ट का शुरू हुआ था, जो फेल हो गया था. आज वैसी स्थिति नहीं है. पायलट प्रोजेक्ट सफलतापूर्वक कार्य कर देश को आत्मनिर्भर बनाने में सहयोग करेगा. वक्ताओं में सूजन साहा, स्टील मंत्रालय के युवा वैज्ञानिक आयुष राज सिन्हा, डॉ पीके बनर्जी, शांति गोपाल साहू, आशीष घोष आदि थे. संचालन डॉ आरती साहू व धन्यवाद ज्ञापन डॉ सुदीप्तो दत्ता ने किया.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
