धनबाद, जिले में मलेरिया पर नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य विभाग ने नयी योजना बनायी है. इसके तहत 10 अप्रैल से 187 चिन्हित मलेरिया प्रभावित गांवों में व्यापक सर्वे अभियान शुरू करने का निर्णय लिया गया है. यह सर्वे पूर्व में चिन्हित उन गांवों में कराया जायेगा, जहां मलेरिया के मामले अधिक पाये गये थे. इस अभियान का उद्देश्य समय रहते संभावित मरीजों की पहचान कर उनका उपचार सुनिश्चित करना और बीमारी के प्रसार को रोकना है. अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग द्वारा गठित टीमों को गांव-गांव जाकर घर-घर सर्वे करने की जिम्मेदारी सौंपी गयी है. इस दौरान टीम के सदस्य बुखार से पीड़ित व्यक्तियों की पहचान करेंगे और उनकी स्क्रीनिंग की जाएगी. संदिग्ध मरीजों का तत्काल परीक्षण कर आवश्यकतानुसार दवा उपलब्ध कराई जाएगी. साथ ही जरूरत पड़ने पर उन्हें नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों में रेफर भी किया जाएगा. लोगों के स्वास्थ्य से जुड़ा डाटा भी होगा तैयार अभियान के तहत केवल मरीजों की पहचान ही नहीं, बल्कि गांव के लोगों के स्वास्थ्य से जुड़ा विस्तृत डाटा भी एकत्रित किया जायेगा. इसमें परिवार के सदस्यों की संख्या, पिछले दिनों में बुखार के मामले, स्वच्छता की स्थिति, मच्छरों के प्रजनन स्थल और पीने के पानी की उपलब्धता जैसी जानकारियां शामिल होंगी. यह डाटा भविष्य में मलेरिया नियंत्रण की रणनीति बनाने में सहायक साबित होगा. मलेरिया के हॉटस्पॉट किए जाएंगे चिन्हित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार इस सर्वे के माध्यम से मलेरिया के हॉटस्पॉट क्षेत्रों की सही पहचान हो सकेगी. इसके बाद वहां विशेष रूप से फॉगिंग, दवा छिड़काव और जागरूकता अभियान चलाया जायेगा. लोगों को मच्छरदानी के उपयोग, साफ-सफाइ बनाए रखने और पानी जमा नहीं होने देने के लिए भी जागरूक किया जाएगा. स्वास्थ्य विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि वे सर्वे टीमों का सहयोग करें और किसी भी प्रकार के बुखार या बीमारी के लक्षण छुपाएं नहीं. समय पर जांच और इलाज से मलेरिया जैसी गंभीर बीमारी को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है.
Dhanbad News: जिले के 187 मलेरिया प्रभावित गांवों में शुरू होगा सर्वे
Dhanbad News: स्वास्थ्य विभाग ने बनायी नयी योजना, बुखार से पीड़ित लोगों की होगी स्क्रीनिंग, स्वास्थ्य संबंधी डाटा भी जुटाया जायेगा.
