धनबाद से प्रतीक पोपट की रिपोर्ट
Dhanbad Crime News, धनबाद : धनबाद एक बार फिर गोलियों की गूंज से दहल उठा है. जिले के लोयाबाद थाना क्षेत्र अंतर्गत आने वाले बांसजोड़ा इलाके में बुधवार को अवैध कोयला कारोबार पर वर्चस्व कायम करने को लेकर आजसू (AJSU) पार्टी और राम रहीम सेना के समर्थक आपस में भिड़ गए. दोनों पक्षों के बीच पहले तीखी नोकझोंक हुई, जो इसके बाद हिंसक झड़प में तब्दील हो गया. दो ग्रुप के लोगों की ओर से लाठी-डंडों की बौछार और जमकर गोलीबारी हुई, इस वारदात में आधा दर्जन से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं. साथ ही कई गाड़ियों को उपद्रवियों ने मलबे में तब्दील कर दिया.
अवैध कोयले की शिकायत बनी रंजिश की वजह
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बांसजोड़ा और उसके आसपास के इलाकों में बड़े पैमाने पर चल रहे अवैध कोयला कारोबार और चोरी के खिलाफ आजसू नेत्री रजनी देवी ने कुछ दिनों पूर्व स्थानीय पुलिस को एक लिखित शिकायत दी थी. आरोप है कि इस शिकायत के बाद से ही अवैध खनन और तस्करी से जुड़े राम रहीम सेना के सिंडिकेट से जुड़े लोग आजसू कार्यकर्ताओं से खार खाए हुए थे. बुधवार को इसी रंजिश को लेकर हथियारों से लैस दर्जनों उपद्रवियों ने आजसू समर्थकों पर सुनियोजित हमला बोल दिया. हमलावरों ने लाठी-डंडों से बेरहमी से पिटाई की और वहां खड़े करीब 6 से अधिक वाहनों को पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया. जब स्थानीय ग्रामीणों ने बीच-बचाव करने का प्रयास किया, तो इलाके में दहशत फैलाने के लिए उपद्रवियों ने कई राउंड अंधाधुंध फायरिंग की. इस गोलीबारी में 60 वर्षीय स्थानीय बुजुर्ग किसन रवानी के शरीर में गोली लग गई, जिससे वे लहूलुहान होकर गिर पड़े. वहीं, आजसू नेता हीरालाल महतो सहित कई अन्य कार्यकर्ता भी इस जानलेवा हमले में गंभीर रूप से जख्मी हुए हैं.
गाड़ी से लोडेड पिस्टल बरामद
पुलिस को घटना स्थल पर की गई जांच और क्षतिग्रस्त वाहनों की तलाशी के दौरान एक कार के भीतर से एक अवैध लोडेड पिस्तौल मिली है. पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि यह हथियार किस गुट का था और इसे किसने मंगाया था.
SNMMCH अस्पताल परिसर बना अखाड़ा
लोयाबाद की हिंसा के बाद असली हाई-वोल्टेज ड्रामा धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (SNMMCH) परिसर में देखने को मिला. जब सभी घायलों को इलाज के लिए सरायढेला स्थित इस अस्पताल लाया गया, तो वहां भारी संख्या में आजसू कार्यकर्ताओं और नेताओं का हुजूम जमा हो गया. इसी गहमागहमी के बीच, घायल आजसू नेता हीरालाल महतो प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से चुपचाप खिसकने की कोशिश करने लगे. मौके पर कानून-व्यवस्था संभालने पहुंची सरायढेला थाना पुलिस ने जब उन्हें संदिग्ध मानते हुए कस्टडी में लेने और पीसीआर (PCR) वैन में बैठाने का प्रयास किया, तो वहां मौजूद आजसू समर्थक उग्र हो गए.
पुलिस के साथ हाथापाई, सब-इंस्पेक्टर चोटिल
आजसू समर्थकों ने पुलिस टीम को चारों तरफ से घेर लिया और तीखी बहसबाजी शुरू कर दी. देखते ही देखते बात इतनी बढ़ गई कि समर्थकों और पुलिसकर्मियों के बीच जमकर धक्का-मुक्की और हाथापाई तक की नौबत आ गई. अस्पताल परिसर ‘पुलिस मुर्दाबाद’ और ‘प्रशासन होश में आओ’ के नारों से गूंज उठा. इसी अफरा-तफरी और हंगामे का पूरा फायदा उठाकर घायल नेता हीरालाल महतो अपने एक समर्थक की मोटरसाइकिल पर पीछे बैठकर मौके से रफूचक्कर हो गए. उन्हें रोकने के प्रयास में सरायढेला थाना के एक सब-इंस्पेक्टर (SI) भी जमीन पर गिरकर चोटिल हो गए. नेता के फरार होते ही बाकी समर्थक भी धीरे-धीरे अस्पताल परिसर से निकल गए.
फुटेज खंगाल रही पुलिस, आला अधिकारियों ने साधी चुप्पी
इस दुस्साहसिक घटना के बाद धनबाद पुलिस प्रशासन बैकफुट पर नजर आ रहा है. सरायढेला और लोयाबाद थाना पुलिस अब अस्पताल परिसर और घटना स्थल के आस-पास लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों के फुटेज खंगाल रही है ताकि सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिस के साथ मारपीट करने वाले की सटीक पहचान कर उन पर नामजद प्राथमिकी (FIR) दर्ज की जा सके. हालांकि, कोयलांचल में सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की कस्टडी से आरोपी के भागने जैसे गंभीर सवालों पर धनबाद पुलिस के आला अधिकारी मीडिया के कैमरों के सामने कुछ भी स्पष्ट बोलने से बचते नजर आ रहे हैं.
