निरसा: निरसा थाना क्षेत्र के नीचे कुहुका आंगनबाड़ी केंद्र की पोषण सखी रूपा देवी ने आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका कविता महतो एवं उनकी पुत्री ब्यूटी महतो पर मारपीट करने तथा मंगलसूत्र छीनने का आरोप लगाया है. मामले को लेकर रूपा देवी ने निरसा थाना के साथ-साथ सीओ सह बाल विकास परियोजना पदाधिकारी विक्रम आनंद से लिखित शिकायत किया है. पुलिस मामले की जांच कर रही है.
क्या है मामला
रूपा देवी ने अपनी शिकायत में कहा है कि वह प्रतिदिन की तरह सोमवार की सुबह करीब 9 बजे आंगनबाड़ी केंद्र पहुंची और केंद्र का संचालन किया. करीब 11:55 बजे जब वह केंद्र से अपने घर लौट रही थी. तभी रास्ते में सेविका कविता महतो एवं उनकी पुत्री ब्यूटी महतो ने उसे रोक लिया. रूपा देवी के अनुसार कविता महतो ने कहा कि आंगनबाड़ी कर्मियों की हड़ताल चल रही है, तो उसने केंद्र कैसे खोला. इस पर रूपा देवी ने कहा कि उसे हड़ताल की कोई जानकारी नहीं थी. आरोप है कि इसी बात को लेकर मां-बेटी ने उसके साथ मारपीट की तथा गले से मंगलसूत्र छीन लिया. शोर सुनकर ग्रामीणों के पहुंचने पर वह वहां से भागकर अपनी जान बचाने में सफल रही.
क्या कहते हैं दूसरे पक्ष के लोग
सेविका कविता महतो ने इन आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है. उन्होंने कहा कि पोषण सखी रूपा देवी करीब 10 दिनों से आंगनबाड़ी केंद्र नहीं आ रही थीं. सुपरवाइजर शिखा के रजिस्टर देखने के बाद अनुपस्थित दर्ज करने का निर्देश दिया गया था. जिसके बाद उनकी 10 दिनों की हाजिरी काटी गई. कविता महतो के अनुसार, इसी बात को लेकर रूपा देवी दो दिनों से उनसे नाराज थीं. कविता महतो ने बताया कि सोमवार को पूरे झारखंड में आंगनबाड़ी केंद्रों में हड़ताल थी. इसके बावजूद रूपा देवी केंद्र पहुंची थीं उन्होंने कहा कि वह मंदिर से पूजा कर लौट रही थीं और उनके साथ सहायिका भी थी. उन्होंने रूपा देवी से कहा कि आज हड़ताल है, इसलिए केंद्र कल आकर खोलें. आरोप है कि इसी बात पर रूपा देवी ने उनके साथ गाली-गलौज की और छाता से मार दिया। कविता महतो ने कहा कि उनकी बेटी को भी गाली दी गई. उन्होंने इसकी सूचना सुपरवाइजर एवं मुखिया को दे दी है. कविता महतो ने स्पष्ट कहा कि उन्होंने या उनके परिवार के किसी सदस्य ने रूपा देवी के साथ मारपीट नहीं की है. मामले में दोनों पक्षों की ओर से लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच कर रही है. जांच के बाद ही घटना की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी.
