डॉग स्क्वायड मंगाकर की गयी जांच
देवघर : कुंडा स्थित डिवाइन अस्पताल के संचालक डॉ कुमार विनोद पर हुए जानलेवा हमले के 72 घंटे बीत गये. अब तक इस मामले में पुलिस को कोई सुराग हाथ नहीं लग सका है. मंगलवार को दुमका से डॉग स्क्वायड मंगाकर जांच करायी गयी. दुमका से मंगाये गये खोजी कुत्ते केसी ने डॉ विनोद के कमरे सहित अस्पताल व मकान परिसर में घूम-घूम कर जांच की. जिस रास्ते से डॉ विनोद पर जानलेवा हमला करने अपराधी पहुंचे थे और वारदात अंजाम देने के बाद जिस रास्ते से भागे थे.
सभी तरफ खोजी केसी घूमा, किंतु पुलिस को इससे कुछ खास हाथ नहीं लग सका. डॉ विनोद के क्लिनिक व मकान में जांच के बाद केसी लाल कोठी परिसर में भी गया. लाल कोठी के जिस रास्ते से अपराधी डिवाइन अस्पताल में घुसे थे, वहां से पीछे दीवार होकर काफी दूर तक केसी आगे गया.
इसके बाद केसी को भी कुछ पता नहीं चल सका. केसी के साथ मौजूद पुलिसकर्मी ने बताया कि अगर अपराधियों का कुछ सामान छूटा होता तो केसी को सुराग खोज पाने में सहूलियत होता. उधर, इस मामले में डिवाइन अस्पताल के तीनों महिला कर्मियों को महिला थाना व साइबर थाना लाकर कई राउंड पूछताछ की गयी.
साइबर डीएसपी नेहा बाला सहित एसडीपीओ विकास चंद्र श्रीवास्तव, नगर अंचल इंस्पेक्टर तरुण कुमार, जसीडीह थाना प्रभारी डीएन आजाद, नगर थाना प्रभारी विक्रम प्रताप सिंह, कुंडा थाना प्रभारी खद्दी कुजूर, महिला एएसआइ आशा झा व जसीडीह थाने के एएसआइ ने घंटों पूछताछ की. वहीं मामले में एक संदिग्ध युवक को कुंडा थाने में रखकर पूछताछ की जा रही है. समाचार लिखे जाने तक मामले में पुलिस को कोई खास सुराग हाथ नहीं लग सका है.
